भारत की लॉजिस्टिक लागत घटी, नितिन गडकरी का दावा- महाराष्ट्र को बजट में मिले 90,000 करोड़ और 5 लाख नौकरियां!
Logistics Cost Reduced India: नितिन गडकरी ने कहा कि इंफ्रास्ट्रक्चर निवेश से भारत की लॉजिस्टिक लागत 16% से घटकर 9-10% हुई है। महाराष्ट्र को बजट में एक्सप्रेसवे, रेलवे प्रोजेक्ट व 5 लाख रोजगार मिलेंगे।
- Written By: आकाश मसने
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी (फोटो नवभारत)
Nitin Gadkari On Union Budget 2026: केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने सोमवार को नागपुर में बजट को लेकर आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में देश की आर्थिक प्रगति का खाका पेश किया। उन्होंने कहा कि निरंतर बुनियादी ढांचे के निवेश और संरचनात्मक सुधारों के कारण भारत की लॉजिस्टिक लागत में भारी कमी आई है, जिससे वैश्विक स्तर पर भारत की प्रतिस्पर्धात्मकता बढ़ी है।
लॉजिस्टिक लागत में ऐतिहासिक सुधार
गडकरी ने बताया कि पहले भारत की लॉजिस्टिक लागत जीडीपी का 14-16% थी, जिसे अब घटाकर 9-10% के करीब ले आया गया है। सरकार का लक्ष्य इसे जल्द ही 9% से नीचे लाना है, ताकि भारत चीन (8%) और विकसित देशों (8-9%) के बराबर खड़ा हो सके। उन्होंने इसके लिए सड़क, रेलवे और शिपिंग क्षेत्र में किए गए 12.20 लाख करोड़ के पूंजीगत व्यय को प्रमुख श्रेय दिया।
महाराष्ट्र को मिला बजट का बड़ा हिस्सा
केंद्रीय मंत्री गडकरी ने महाराष्ट्र के विकास के लिए केंद्र सरकार की ओर से मिल रही भारी वित्तीय सहायता का विवरण साझा किया। उन्होंने बताया कि 2026-27 के बजट अनुमानों के अनुसार महाराष्ट्र को 89,855.80 करोड़ रुपए दिए गए हैं। 2025-26 के लिए 50,511 करोड़ की सहायता राशि आवंटित की गई। 2014 से 2026 के बीच महाराष्ट्र को केंद्र से कुल 5.83 लाख करोड़ (कर के रूप में) और 3.66 लाख करोड़ (अनुदान के रूप में) प्राप्त हुए।
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रेलवे प्रोजेक्ट्स: महाराष्ट्र में 1.70 लाख करोड़ के रेलवे प्रोजेक्ट चल रहे हैं। राज्य के 128 स्टेशनों का कायाकल्प ‘अमृत भारत योजना’ के तहत किया जा रहा है, जिसमें नागपुर, अजनी, अकोला, गोंदिया और वर्धा जैसे प्रमुख स्टेशन शामिल हैं।
सड़क क्षेत्र के लिए रिकॉर्ड आवंटन
नितिन गडकरी के सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय के लिए 2026-27 के बजट में 3.09 लाख करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं, जो पिछले वर्ष (2025-26 के लिए 2.94 लाख करोड़) की तुलना में लगभग 8% की वृद्धि है, जो सड़कों के बुनियादी ढांचे को और तेज करेगा।
25 नए ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे
गडकरी ने घोषणा की कि सरकार लगभग 6 लाख करोड़ रुपये (67.5 अरब डॉलर) के निवेश के साथ 10,000 किलोमीटर लंबी 25 नई ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे परियोजनाओं का निर्माण करेगी। इसका उद्देश्य लॉजिस्टिक्स लागत को कम करना और आर्थिक विकास को गति देना है।
शहरी और ग्रामीण कनेक्टिविटी
बजट में टियर-2 और टियर-3 शहरों में बुनियादी ढांचे के विकास पर विशेष ध्यान दिया गया है, ताकि 5 लाख से अधिक आबादी वाले शहरों को नए विकास केंद्रों के रूप में विकसित किया जा सके। इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने और चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित करने पर जोर दिया गया है। साथ ही लिथियम-आयन बैटरी की लागत में कमी को एक बड़ा सकारात्मक कदम बताया गया है।
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5 लाख युवाओं को मिलेगा रोजगार
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने कहा कि विदर्भ काफी तेजी से विकसित हो रहा है। बड़ी-बड़ी कंपनियों का निवेश आ रहा है। इन निवेशकों की बदौलत विदर्भ में आने वाले दिनों में कम से कम 5 लाख युवाओं को रोजगार मिलेगा। इनमें से 80 फीसदी युवा विदर्भ के होंगे। बजट पर आयोजित संवाददाता सम्मेलन में उन्होंने कहा कि नागपुर ही नहीं बल्कि गड़चिरोली से लेकर वाशिम तक में अवसर बन रहे हैं और हर तरफ विकास को प्राथमिकता दी जा रही है। राज्य के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस भी इसे लेकर काफी मेहनत कर रहे हैं और अब उसका फल भी मिलने लगा है। आज मिहान में 1 लाख से अधिक युवा काम कर रहे हैं।
