नागपुर में अवैध खनन का खेल, नियमों की अनदेखी, रात में धड़ल्ले से रेत परिवहन सक्रिय; सरकार को भारी नुकसान
Nagpur Illegal Sand Mining: मौदा के रेत घाटों पर रात में अवैध परिवहन का खुलासा। एक ही रॉयल्टी पर कई ट्रक चलने से राजस्व नुकसान, मिलीभगत के आरोप।
- Written By: अंकिता पटेल
नागपुर अवैध रेत परिवहन( सोर्स: सोशल मीडिया )
Nagpur Mauda Sand Ghats: नागपुर जिले के मौदा तहसील के विभिन्न रेत घाटों पर रात के समय बड़े पैमाने पर अवैध रेत परिवहन होने की गंभीर जानकारी सामने आई है। आरोप है कि यह पूरा काम राजस्व विभाग के कुछ अधिकारियों की मिलीभगत से हो रहा है, जिससे प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं।
जानकारी के अनुसार, माथनी चिखना (पटाची दान), महालगांव, कुंभापूर, डहाली और किरणापुर इन पांच घाटों का विधिवत निलामी की गई है। इसके बावजूद संचालकों द्वारा शासन के नियमों का उल्लंघन करते हुए रात 10 बजे के बाद एक ही रॉयल्टी परमिट पर बड़ी संख्या में ट्रकों के माध्यम से रेत का परिवहन किया जा रहा है।
राजस्व विभाग ने बिना अनुमति रेत परिवहन पर रोक लगाने के स्पष्ट निर्देश दिए थे, लेकिन इन निर्देशों की खुलेआम अनदेखी की जा रही है। सूत्रों का कहना है कि दिन के समय नियमों का पालन दिखाया जाता है, जबकि रात में एक ही रॉयल्टी पर कई ट्रक भरकर रेत निकाली जाती है।
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इससे शासन के राजस्व को भारी नुकसान हो रहा है। इस पूरे मामले ने घाट संचालकों, पुलिस और राजस्व विभाग के बीच संभावित मिलीभगत की आशंका को भी जन्म दिया है। स्थानीय नागरिकों ने मामले की गंभीरता को देखते हुए त्वरित जांच और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
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मारपीट मामले में जल्द कार्रवाई की मांग
इसी बीच कुंभापूर घाट क्षेत्र में एक किसान के साथ मारपीट की घटना भी सामने आई है, जिसमें अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। किसानों का आरोप है कि घाट के कर्मचारी बिना कारण नागरिकों के साथ दुर्व्यवहार कर रहे हैं। किसानों ने चेतावनी दी है कि यदि मारपीट के मामले में जल्द कार्रवाई नहीं की गई, तो कुंभापूर घाट पर रेत उत्खनन कार्य बंद कर दिया जाएगा।
