Nagpur New: महिला की मौत के बाद जागी मनपा, कचरा गाड़ी चालकों के होंगे ड्रंक टेस्ट
Nagpur Garbage Vehicle Drivers: नागपुर में कचरा गाड़ियों के चालकों पर नशे में वाहन चलाने के आरोपों के बाद मनपा सख्त। ड्रंक एंड ड्राइव टेस्ट और विशेष स्क्वाड गठन के निर्देश जारी।
- Written By: अंकिता पटेल
नागपुर कचरा वाहन चालक, ड्रंक एंड ड्राइव जांच,(प्रतिकात्मक तस्वीर सोर्स: सोशल मीडिया)
Nagpur Drunk Driving Test: नागपुर शहर में कचरा संकलन करने वाले वाहनों के चालक शराब के नशे में होने के आरोप मनपा की सभा में पार्षदों की ओर से लगाए गए। पार्षदों का कहना था कि शराब पीकर वाहन चलाने के कारण एक महिला की मृत्यु हो गई। यहां तक कि इस तरह की कई घटनाओं का अनुभव भी हुआ।
सदन में इस मसले को लेकर उठाई गई आवाज के बाद अब घनकचरा व्यवस्थापन विभाग की ओर से कचरा संकलन करने वाले वाहनों के चालकों का ‘ड्रंक एंड इछव टेस्ट करने का निर्णय लिया गया जिसके लिए कचरा संकलन की जिम्मेदारी संभाल रही बीवीजी और एजी एन्वायरों कम्पनियों को नोटिस जारी किए जाने की जानकारी उपायुक्त राजेश भगत ने दी। उन्होंने कहा कि कचरा उठाने वाले वाहनों के चालकों की शराब की जांच होगी। जांच के लिए विशेष दल (स्क्वाड) गठित करने के निर्देश दिए जाने की जानकारी भी दी।
महिला की मौत के बाद बड़ा आक्रोश
मनपा की सर्वसाधारण आमसभा में कई नगरसेवकों ने कचरा वाहनों से होने वाले हादसों का मुद्दा जोर-शोर से उठाया था।
शहर में घर-घर से कचरा संकलन की जिम्मेदारी एजी और बीवीजी कंपनियों के पास है। जिसके लिए शहर को अलग अलग जोनों में बांटा गया है। आरोप है कि इन कंपनियों के कई चालक ड्यूटी के दौरान शराब के नशे में होते हैं, जिससे शहर में आए दिन दुर्घटनाएं होती रहती हैं।
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पार्षद ने एक घटना का उदाहरण देते हुए बताया कि हाल ही में कुछ दिन पहले मनपा के कचरा संकलन वाहन ने घर के सामने खड़ी एक महिला को जोरदार टक्कर मार दी थी, जिससे उस महिला की दर्दनाक मौत हो गई थी।
मृतक महिला का परिवार काफी गरीब है, जिसके मद्देनजर उनके वारिसों को नौकरी देने की मांग आमसभा में उठाई गई। इसके साथ ही अन्य नगरसेवकों ने कचरा वाहनों द्वारा अब तक किए गए हादसों की पूरी सूची ही सदन में पढ़कर सुना दी, जिससे स्थिति को गंभीरता उजागर हुई।
कचरा वजन घोटाले में रोहिदास राठौड़ की सेवा होगी समाप्त
एक अन्य महत्वपूर्ण फैसले में मनपा के सेवानिवृत्त अधिकारी रोहिदास राठौड़ की सेवाएं समाप्त करने का निर्णय लिया गया। राठौड़ को सेवानिवृत्ति के बाद मानधन पर फिर से नियुक्त किया गया था। सदन में पार्षद की ओर से आरोप लगाया गया था कि यह एक वसूली एजेंट है जिसके द्वारा वहां पर भ्रष्टाचार किया जा रहा है।
राठौड़ पर गंभीर आरोप है कि उन्होंने भांडेवाड़ी में कचरे का वजन करते समय कम वजन होने के बावजूद कागजों पर अधिक कचरा दिखाकर लाखों रुपये का घोटाला किया है। इन आरोपों की गंभीरता को देखते हुए उपायुक्त राजेश भगत ने स्पष्ट किया कि घनकचरा व्यवस्थापन विभाग की ओर से उनका 6 महीने का अनुबंध (कॉन्ट्रैक्ट) रद्द किया जाएगा।
उपायुक्त ने दिए कार्रवाई के आदेश
सदन में इस विषय पर हुई तीखी चर्चा के बाद मनपा के घनकचरा व्यवस्थापन विभाग के उपायुक्त राजेश भगत ने तत्काल कार्रवाई करते हुए एजी और बीवीजी कंपनियों को नोटिस जारी किया।
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उन्होंने कंपनियों को विशेष ध्यान देने की ताकीद दी है ताकि कचरा संकलन वाहनों से भविष्य में हादसे न हों। मनपा ने स्पष्ट किया है कि काम के दौरान किसी भी चालक को शराब पीने की अनुमति नहीं है और इसकी निगरानी के लिए कंपनियों को अपने स्तर पर एक जांच दल (पथक) गठित करना होगा।
