
प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स : नवभारत )
Nagpur District Water Project News: गर्मी के मौसम में पानी की किल्लत से निपटने और रबी फसल व फल बागानों को संरक्षित सिंचाई उपलब्ध कराने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री समृद्ध पंचायत राज अभियान के अंतर्गत काटोल तहसील में 75 दिनों में 100 वनराई बांधों का निर्माण कर राज्य का पहला अभिनव उपक्रम सफलतापूर्वक पूरा किया गया है।
काटोल तहसील की 82 ग्राम पंचायतों ने जनसहभागिता और श्रमदान के माध्यम से यह कार्य किया जिससे प्रत्येक बांध में औसतन 3 से 10 लाख लीटर जल संग्रहण की क्षमता विकसित हुई है। इस अभियान में लगभग 25,000 खाली सीमेंट की बोरियों का उपयोग किया गया। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के निर्देशानुसार वर्षा के बाद नदियों और नालों से बह जाने वाले पानी को रोकने के लिए जल संधारण पर विशेष जोर दिया जा रहा है। इसी कड़ी
में नागपुर जिले में 75 दिनों में 550 से अधिक बांध बनाए गए हैं। काटोल तहसील में संतरा व अन्य बागानों के कारण भूजल का अत्यधिक दोहन हो रहा था जिससे जल स्तर लगातार गिर रहा था। वनराई बांधों की श्रृंखला से भूजल स्तर में काफी सुधार देखा गया है। इस अभियान में 3,000 से अधिक ग्रामीणों ने श्रमदान किया। अभियान की शुरुआत खापरी बारोकर गांव से हुई, जबकि 100वां वनराई बांध आदर्श गांव कोतवाल वर्डी में श्रमदान से पूर्ण किया गया।
पंचायत समिति काटोल तहसील के गट विकास अधिकारी सचिन सूर्यवंशी के नेतृत्व में यह अभियान सुनियोजित ढंग से पूरा किया गया। कृषि अधिकारी अनिल आडेवार और उत्तम झेलगोंदे ने तकनीकी सहयोग प्रदान किया। 100वें वनराई बांध का लोकार्पण जिप के मुख्य कार्यकारी अधिकारी महामुनी और अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ। कमलकिशोर फुटाणे की उपस्थिति में किया गया। सीईओ महामुनी ने इसे शाश्वत जलसंधारण का सरल और प्रभावी मॉडल बताते हुए अन्य क्षेत्रों के लिए अनुकरणीय बताया।
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