Mumbai: ‘वंदे मातरम’ के 150 साल पूरे, पश्चिम रेलवे के 150 कर्मचारियों ने मैराथन में दिलाई प्रेरणा

Mumbai Marathon:टाटा मुंबई मैराथन 2026 में पश्चिम रेलवे के 150 कर्मचारियों ने फिटनेस, अनुशासन और राष्ट्रभक्ति के संदेश के साथ दौड़ में भाग लिया। वर्दी में दौड़ और ‘रेल सुरक्षा’ नारों ने आकर्षण बढ़ाया।
Mumbai Metro Line 4 Accident Safety Lapse
मुंबई न्यूज (सौ. सोशल मीडिया )
Published on
Updated on

Tata Mumbai Marathon 2026: टाटा मुंबई मैराथन 2026 में पश्चिम रेलवे ने फिटनेस, अनुशासन और सुरक्षा के मूल्यों को केंद्र में रखते हुए प्रभावशाली उपस्थिति दर्ज कराई।

पश्चिम रेलवे के 150 कर्मचारियों ने इस प्रतिष्ठित मैराथन में भाग लेकर न सिर्फ शारीरिक फिटनेस का प्रदर्शन किया, बल्कि सामाजिक और राष्ट्रीय जिम्मेदारी का भी मजबूत संदेश दिया।

पश्चिम रेलवे की यह सहभागिता ‘वंदे मातरम’ के 150 वर्ष पूरे होने के उत्सव को समर्पित रही। इस ऐतिहासिक अवसर ने रेलवे कर्मियों की भागीदारी को और अधिक प्रेरणादायक बना दिया। कर्मचारियों ने राष्ट्रभक्ति और कर्तव्यनिष्ठा के भाव के साथ दौड़ में हिस्सा लिया।

वरिष्ठ अधिकारियों ने किया नेतृत्व

इस अवसर पर पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक विवेक कुमार गुप्ता ने वरिष्ठ अधिकारियों के साथ टीम का नेतृत्व किया। स्टेशन मास्टर, टिकट जांच कर्मी, ट्रेन मैनेजर, कोचिंग डिपो स्टाफ और ट्रैकमैन जैसे फ्रंटलाइन कर्मचारी पूरे उत्साह और ऊर्जा के साथ मैराथन में शामिल हुए।

वर्दी में दौड़ बने आकर्षण का केंद्र

मैराथन का एक खास आकर्षण 50 रेलवे कर्मचारियों का वर्दी में दौड़ना रहा। इस पहल ने यह स्पष्ट संदेश दिया कि फिटनेस केवल व्यक्तिगत लक्ष्य नहीं, बल्कि पेशेवर उत्कृष्टता और सेवा गुणवत्ता का अभिन्न हिस्सा है।

रेल सुरक्षा और नागरिक जिम्मेदारी का संदेश

दौड़ के दौरान पश्चिम रेलवे की टीम ने ‘रन फॉर रेल सेफ्टी’ और ‘स्टे ऑफ ट्रैक्स, स्टे अलाइव’ जैसे नारों के माध्यम से रेल सुरक्षा और नागरिक जिम्मेदारी को लेकर जागरूकता फैलाई। बैनर, प्लेकार्ड और सोशल मीडिया के जरिए यह संदेश मैराथन मार्ग से आगे तक पहुंचा।

स्वस्थ कर्मचारी, सुरक्षित सार्वजनिक सेवा

इस सहभागिता के माध्यम से पश्चिम रेलवे ने यह स्पष्ट किया कि स्वस्थ और फिट कर्मचारी ही सुरक्षित, विश्वसनीय और प्रभावी सार्वजनिक सेवा की मजबूत नींव होते हैं। टाटा मुंबई मैराथन 2026 में रेलवे कर्मियों की यह पहल समाज के लिए प्रेरणास्रोत बनकर उभरी।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com