संजय राउत और अमित शाह (सौजन्य-सोशल मीडिया)
Sanjay Raut Heaven In Hell Book: शिवसेना (यूबीटी) के सांसद संजय राउत ने खुलासा किया है कि जब केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह तड़ीपार थे तब शिवसेना प्रमुख बाल ठाकरे और पूर्व केंद्रीय कृषि मंत्री शरद पवार ने उनकी बहुत मदद की थी। भाजपा ने उनकी ही पार्टी को तोड़ने का काम किया जिसने संकट के समय उनकी मदद की थी।
यह खुलासा उन्होंने कपिल सिब्बल के ‘दिल से’ प्रोग्राम में दिए अपने साक्षात्कार में किया है। संजय राउत ने बताया कि अमित शाह मातोश्री के गेट पर आकर रुके थे। उनका संदेश बाल ठाकरे तक पहुंचाया गया था। अगले दिन शाह आखिरकार बाल ठाकरे से मिल पाए। अमित शाह उस समय तड़ीपार थे और मुंबई में उनके कुछ केस चल रहे थे।
वे बाल ठाकरे से मिले और उन्हें सब कुछ बताया था। उन्होंने अपनी परेशानी बताई और मदद की गुहार लगाई। बाल ठाकरे ने मनोहर जोशी को जज से मुलाकात कर उन्हें फोन करने को कहा। बाल ठाकरे ने जज से बात की। अमित शाह को सहयोग करने को कहा और उन्हें मदद मिली।
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संजय राउत (Sanjay Raut) ने बताया कि उन दिनों शरद पवार केंद्र में कृषि मंत्री थे और नरेंद्र मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री थे। उस समय शाह के खिलाफ एसआईटी जांच चल रही थी। मोदी ने कुछ अधिकारियों से बात की थी लेकिन महाराष्ट्र कैडर का एक अधिकारी तैयार नहीं था।
उस समय मोदी ने जांच से बचने का रास्ता निकालने के लिए शरद पवार से मदद मांगी, पवार ने अधिकारी से कहकर उनकी मदद की। संजय राउत (Sanjay Raut) ने कहा कि उन्होंने अपनी किताब ‘हेवन इन हेल’ में दोनों कहानियों का जिक्र किया है।