Rohit Pawar Meets Rahul Gandhi Delhi (फोटो क्रेडिट-X)
Rohit Pawar Big Disclosure After 2 Days: महाराष्ट्र की राजनीति में दिवंगत नेता अजित पवार के विमान हादसे का मामला अब दिल्ली के गलियारों तक पहुँच गया है। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद चंद्र पवार) के विधायक रोहित पवार ने इस संवेदनशील मुद्दे पर नई दिल्ली में लोकसभा के नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी से करीब 30 मिनट तक लंबी मुलाकात की। इस मुलाकात के बाद रोहित पवार ने महाराष्ट्र सरकार की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं और ‘दो दिन बाद’ एक बड़े खुलासे की चेतावनी दी है। पवार का दावा है कि राहुल गांधी ने बतौर पायलट इस हादसे की तकनीकी बारीकियों पर चर्चा की और कुछ ऐसे अहम सुझाव दिए हैं जो इस मामले की दिशा बदल सकते हैं।
रोहित पवार ने एबीपी न्यूज़ से बातचीत में हैरानी जताई कि इतने बड़े नेता की दुर्घटना में मृत्यु होने के बावजूद अब तक प्रशासन ने एफआईआर (FIR) दर्ज क्यों नहीं की है। उन्होंने सीधे तौर पर सत्ता पक्ष को घेरते हुए पूछा कि आखिर वह कौन सी शक्ति है जो जांच को रोक रही है और किसे बचाने की कोशिश की जा रही है? राहुल गांधी के साथ हुई इस मुलाकात ने अब इस हादसे को ‘साजिश’ के चश्मे से देखने की बहस को और हवा दे दी है।
लोकसभेतील प्रभावी विरोधी पक्षनेते माननीय राहुल जी गांधी यांची दिल्लीत भेट घेऊन अजितदादांच्या संशयास्पद विमान अपघातासंदर्भात त्यांच्याशी अर्ध्या तासाहून अधिक विस्तृत चर्चा केली. तसंच या अपघाताबाबत वेगवेगळ्या स्त्रोतांकडून आम्ही अत्यंत मेहनतीने जमा केलेली संपूर्ण माहिती त्यांना… pic.twitter.com/iWQarTj32W — Rohit Pawar (@RRPSpeaks) March 12, 2026
ये भी पढ़ें- विद्या के मंदिर में खूनी तांडव, शादी से इनकार करने पर पुणे के कॉलेज में छात्रा पर कोयते से जानलेवा हमला
रोहित पवार ने खुलासा किया कि राहुल गांधी, जो स्वयं एक प्रशिक्षित पायलट हैं, ने विमान हादसे के तकनीकी पहलुओं को लेकर काफी अचरज व्यक्त किया। राहुल गांधी ने इस बात पर आश्चर्य जताया कि एक वीवीआईपी फ्लाइट के क्रैश होने के बाद भी कानूनी प्रक्रिया में इतनी देरी क्यों हो रही है। पवार के अनुसार, राहुल गांधी ने उन्हें कुछ विशेष ‘इनपुट्स’ और सुझाव दिए हैं, जिन्हें वे अगले 48 घंटों के भीतर महाराष्ट्र की जनता के सामने रखेंगे। रोहित ने कहा कि वह सही समय और सही मंच पर इन बातों का खुलासा करेंगे ताकि सच सबके सामने आ सके।
जब रोहित पवार से पूछा गया कि क्या राहुल गांधी को भी इस हादसे के पीछे किसी साजिश का संदेह है, तो उन्होंने बेहद नपे-तुले शब्दों में जवाब दिया। पवार ने कहा, “साजिश है या नहीं, यह तो निष्पक्ष जांच का विषय है। लेकिन हमारा सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर एफआईआर क्यों नहीं हो रही? महाराष्ट्र की जनता जानना चाहती है कि उस दिन आसमान में वास्तव में क्या हुआ था और जांच को दबाने की कोशिश क्यों की जा रही है।” उन्होंने स्पष्ट किया कि राहुल गांधी किसी भी उच्च-स्तरीय जांच में पूरा सहयोग देने के लिए तैयार हैं।
रोहित पवार की राहुल गांधी से मुलाकात और ‘दो दिन’ के अल्टीमेटम ने महाराष्ट्र सरकार में बेचैनी पैदा कर दी है। विपक्ष का आरोप है कि सरकार इस हादसे से जुड़ी फाइलों को बंद करना चाहती है। रोहित पवार ने आभार व्यक्त किया कि राहुल गांधी देश के तमाम बड़े मुद्दों के बीच इस महत्वपूर्ण लड़ाई में उनके साथ खड़े हैं। अब सबकी नजरें दो दिन बाद होने वाले उस खुलासे पर टिकी हैं, जिसे रोहित पवार ‘सच्चाई की जीत’ बता रहे हैं। क्या यह खुलासा राज्य की राजनीति में नया भूचाल लाएगा, यह देखना दिलचस्प होगा।