Sharad Pawar And Priyanka Chaturvedi (फोटो क्रेडिट-X)
Rajya Sabha Candidates Maharashtra: निर्वाचन आयोग ने महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश और बिहार सहित विभिन्न राज्यों की 16 राज्यसभा सीटों पर चुनाव का बिगुल फूंक दिया है। इन सीटों पर अप्रैल 2026 में सदस्यों का कार्यकाल समाप्त हो रहा है, जिसके चलते सियासी सरगर्मी तेज हो गई है। महाराष्ट्र की 7 सीटों पर होने वाले इस चुनाव में महायुति और महा विकास आघाडी (MVA) के बीच कड़ा मुकाबला होने की उम्मीद है।
महाराष्ट्र से निवृत्त हो रहे प्रमुख चेहरों में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP-SP) के सुप्रीमो शरद पवार, भाजपा के डॉ. भागवत कराड, शिवसेना (UBT) की प्रियंका चतुर्वेदी और रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया (A) के रामदास आठवले जैसे दिग्गज शामिल हैं।
महाराष्ट्र में कुल 7 सीटों पर चुनाव होने हैं। निवृत्त हो रहे सांसदों की सूची और उनके राजनीतिक भविष्य को लेकर कयासों का बाजार गर्म है:
प्रमुख निवृत्त सदस्य: शरद पवार (NCP-SP), डॉ. भागवत कराड (BJP), प्रियंका चतुर्वेदी (SS-UBT), रामदास आठवले (RPI-A), फौजिया खान (NCP-SP), धैर्यशील पाटिल (BJP) और रजनी पाटिल (INC)।
संभावित उम्मीदवार: भाजपा की ओर से डॉ. भागवत कराड को दोबारा मौका मिलने की संभावना है, वहीं महायुति गठबंधन में अजित पवार गुट और एकनाथ शिंदे गुट भी अपने कोटे की सीटों के लिए दावेदारी करेंगे। एमवीए की तरफ से प्रियंका चतुर्वेदी का नाम दोबारा चर्चा में है, जबकि शरद पवार की सीट पर उनकी पार्टी किसी नए चेहरे या गठबंधन के किसी बड़े नेता को उतार सकती है।
ये भी पढ़ें- Alibaug Land Deal: करोड़ों की जमीन और 60 एकड़ का साम्राज्य, विवाद के बाद राहुल नार्वेकर का परिवार रडार पर
महाराष्ट्र के अलावा अन्य राज्यों में भी दिलचस्प मुकाबले की स्थिति बनी हुई है:
बिहार (5 सीटें): यहाँ जदयू (JDU) के हरिवंश नारायण सिंह और रामनाथ ठाकुर, जबकि राजद (RJD) के प्रेमचंद गुप्ता और अमरेंद्र धारी सिंह का कार्यकाल समाप्त हो रहा है। हालिया विधानसभा चुनावों के बाद बदले समीकरणों के कारण भाजपा और जदयू गठबंधन यहाँ मजबूत स्थिति में है।
छत्तीसगढ़ (2 सीटें): कांग्रेस की फूलो देवी नेताम और के. टी. एस. तुलसी निवृत्त हो रहे हैं। राज्य में भाजपा की सरकार होने के कारण ये दोनों सीटें भाजपा के खाते में जाने की प्रबल संभावना है।
हरियाणा (2 सीटें) व हिमाचल (1 सीट): हरियाणा में भाजपा की किरण चौधरी और हिमाचल में इंदु गोस्वामी का कार्यकाल समाप्त हो रहा है। हिमाचल में कांग्रेस सरकार होने के बावजूद पिछले राज्यसभा चुनाव के अनुभवों को देखते हुए यहाँ मुकाबला रोचक हो सकता है।
इन 16 सीटों के परिणाम राज्यसभा में एनडीए (NDA) और इन्डिया (I.N.D.I.A.) गठबंधन के शक्ति संतुलन को तय करेंगे।
भाजपा की बढ़त: छत्तीसगढ़ और राजस्थान जैसे राज्यों में सत्ता परिवर्तन के बाद भाजपा इन राज्यों से अपनी सीटें बढ़ाने की कोशिश करेगी।
विपक्ष की चुनौती: कांग्रेस और सहयोगी दलों के लिए महाराष्ट्र और बिहार में अपनी मौजूदा सीटों को बचाए रखना एक बड़ी चुनौती होगी।
निर्णायक मोड़: अप्रैल 2026 में होने वाले ये राज्यसभा चुनाव उच्च सदन में महत्वपूर्ण विधेयकों को पारित कराने की सरकार की क्षमता पर सीधा असर डालेंगे। निर्वाचन आयोग जल्द ही नामांकन और मतदान की विस्तृत तारीखों की अधिसूचना जारी करेगा।