महाराष्ट्र में ओला-उबर और रैपिडो की बाइक-टैक्सी पर बैन, अस्थायी लाइसेंस रद्द, पेट्रोल बाइक चलाने पर होगी जेल
Ola Uber Rapido License Cancelled: महाराष्ट्र सरकार ने ओला, उबर और रैपिडो की बाइक टैक्सी सेवाओं पर रोक लगा दी है। इलेक्ट्रिक की जगह पेट्रोल बाइक चलाने पर लाइसेंस रद्द किए गए हैं।
- Written By: अनिल सिंह
Ola Uber Rapido License Cancelled (फोटो क्रेडिट-X)
Maharashtra Bike Taxi Ban: महाराष्ट्र सरकार ने राज्य में परिवहन नियमों के उल्लंघन को लेकर एक बड़ा कदम उठाते हुए ओला (Ola), उबर (Uber) और रैपिडो (Rapido) की बाइक टैक्सी सेवाओं पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है। सरकार ने इन तीनों प्रमुख कंपनियों के अस्थायी लाइसेंस (Temporary Licenses) रद्द कर दिए हैं। यह कार्रवाई मुख्य रूप से पर्यावरण नियमों की अनदेखी और पेट्रोल चालित वाहनों के अवैध संचालन के कारण की गई है।
राज्य सरकार के इस कड़े फैसले से मुंबई और पुणे जैसे बड़े शहरों में बाइक टैक्सी सेवाओं पर पूरी तरह विराम लग गया है, जिससे हजारों ड्राइवरों की आजीविका पर असर पड़ने की संभावना है।
नियमों का उल्लंघन और ‘धोखा’
महाराष्ट्र सरकार ने इन कंपनियों को केवल इलेक्ट्रिक बाइक टैक्सी (E-Bike Taxi) चलाने की शर्त पर अनुमति दी थी। इसका उद्देश्य राज्य में ईको-फ्रेंडली ट्रांसपोर्ट को बढ़ावा देना और स्थानीय युवाओं को रोजगार देना था। हालांकि, जांच में पाया गया कि कंपनियां इलेक्ट्रिक की जगह धड़ल्ले से पेट्रोल से चलने वाली बाइक का इस्तेमाल कर रही थीं। सरकार ने इसे नियमों का उल्लंघन और प्रशासन के साथ ‘धोखा’ करार दिया है।
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एक महीने की अंतिम मोहलत
विधायक और वरिष्ठ नेता प्रताप सरनाइक ने स्पष्ट किया कि कंपनियों को जरूरी दस्तावेज जमा करने के लिए पहले भी समय दिया गया था, लेकिन उन्होंने निर्देशों का पालन नहीं किया। अब सरकार ने कंपनियों को एक महीने की अंतिम डेडलाइन दी है। यदि इस अवधि के भीतर भी कंपनियां शर्तों को पूरा नहीं करती हैं, तो उनके लाइसेंस स्थायी रूप से रद्द कर दिए जाएंगे।
सख्त कार्रवाई: बाइक मालिक और ड्राइवर पर होगा केस
सरकार ने साफ कर दिया है कि अब केवल कागजी कार्रवाई नहीं होगी, बल्कि धरातल पर भी सख्त कदम उठाए जाएंगे:
बाइक जब्ती: यदि कोई पेट्रोल बाइक टैक्सी चलती हुई पाई गई, तो उसे तुरंत जब्त कर लिया जाएगा।
कानूनी मामला: नियमों के उल्लंघन पर न केवल ऐप कंपनी, बल्कि बाइक चलाने वाले ड्राइवर और वाहन मालिक पर भी केस दर्ज किया जाएगा।
भविष्य की नीति: सरकार ने दोहराया है कि भविष्य में केवल इलेक्ट्रिक वाहनों को ही अनुमति दी जाएगी ताकि सुरक्षा और पर्यावरण मानकों को बनाए रखा जा सके।
राज्य सरकार के इस फैसले से मुंबई में अवैध रूप से चल रही बाइक टैक्सी सेवाओं पर अंकुश लगने की उम्मीद है। परिवहन विभाग ने यात्रियों को भी सलाह दी है कि वे फिलहाल इन सेवाओं का उपयोग करने से बचें।
