नवी मुंबई मनपा (सोर्स: सोशल मीडिया)
Navi Mumbai Zero Dust Policy: नवी मुंबई के निवासियों के लिए एक राहत भरी खबर है। शहर में लगातार बढ़ते वायु प्रदूषण और जहरीली होती हवा पर लगाम लगाने के लिए नवी मुंबई नगर निगम (NMMC) एक बड़ा कदम उठाने जा रहा है। शुक्रवार, 20 मार्च को होने वाली मनपा की जनरल मीटिंग में ‘जीरो डस्ट पॉलिसी’ (Zero Dust Policy) को लागू करने का महत्वपूर्ण प्रस्ताव पेश किया जाएगा। यह प्रस्ताव मनपा सदन के नेता सागर नाईक की पहल पर पेश किया जाएगा।
‘जीरो डस्ट पॉलिसी’ से शहर में एयर क्वालिटी को बेहतर बनाने के लिए ‘जीरो डस्ट पॉलिसी’ को लागू करने में तेजी आने की उम्मीद है। इससे पहले मनपा सदन के नेता सागर नाईक ने शहर में बढ़ते वायु प्रदूषण पर चिंता जताई थी और बताया था कि शहर में ‘जीरो डस्ट पॉलिसी’ लागू की जाएगी। इसके मुताबिक, मनपा की सीमा में बढ़ते वायु प्रदूषण,
इंडेक्स और शहर भर में जमा हो रही धूल की समस्याओं को दूर करने के लिए टिकाऊ कदम उठाने के मकसद से जनरल मीटिंग में ‘कॉम्प्रिहेंसिव एयर पॉल्यूशन एलिमिनेशन एंड एयर क्वालिटी इम्प्रूवमेंट प्रोग्राम’ लागू करने का प्रस्ताव पेश किया जाएगा।
इसके तहत, प्रदूषण नियंत्रण, एयर क्वालिटी में सुधार और धूल को पूरी तरह खत्म करने पर खास जोर दिया जाएगा, पिछले कुछ सालों से शहर में वायु प्रदूषण का मुद्दा गंभीर होता जा रहा है। लेकिन राजनीतिक स्तर पर इस मुद्दे पर कोई ठोस कदम उठाए जाने के संकेत कम ही मिले। हाल ही में हुए मनपा चुनावों में भी इस मुद्दे को कैंपेन में उम्मीद के मुताबिक अहमियत नहीं मिली। हालांकि, चुनाव के दौरान भाजपा ने शहर में प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए उपाय लागू करने का वादा किया था। इसी के मुताबिक, अब वह यह प्रस्ताव पेश करेंगे। पिछले कुछ महीनों में शहर में पॉल्यूशन की समस्या फिर से बढ़ गई है, और धुएं वाले माहौल, तेज बदबू और कम विजिबिलिटी के कारण लोगों की हेल्थ से जुडी शिकायतें बढ़ रही हैं।
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हालांकि नवी मुंबई मनपा प्रशासन शहर में पूरी तरह से सफाई अभियान चला रहा है, लेकिन आम लोगों का कहना है कि मनपा प्रशासन की कोशिशें कम पड़ रही हैं। मनपा और पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड के शुरुआती असेसमेंट के मुताबिक, नवी मुंबई में वायु प्रदूषण सिर्फ लोकल वजहों तक ही सीमित नहीं है, बल्कि बाहरी वजहों का भी इस पर बड़ा असर पड़ रहा है। मुंबई में कचरे के ढेरों से निकलने वाली धूल और धुआं, नवी मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट का चल रहा काम, साथ ही शहर के आस-पास बड़े पैमाने पर चल रहे कंस्ट्रक्शन के काम शहर की हवा पर असर डाल रहे हैं। इसके अलावा, यह भी उम्मीद जताई जा रही है कि शहर की ज्योग्राफिकल बनावट की वजह से बाहर से आने वाला पॉल्यूशन यहीं फंसा रह सकता है।