

Mumbai Mega Job Fair 2026: मुंबई उपनगर जिले के युवाओं के लिए रोजगार का बड़ा अवसर सामने आया है। युवाओं को नौकरी और स्वरोजगार के अधिक अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से 29 सितंबर 2026 को जिले में 18 स्थानों पर रोजगार मेले आयोजित किए जाएंगे। राज्यव्यापी पहल के तहत आयोजित होने वाले इन मेलों में नौकरी के साथ कौशल प्रशिक्षण और कारोबार शुरू करने से जुड़े अवसर भी उपलब्ध कराए जाएंगे।
जिलाधिकारी सौरभ कटियार ने युवाओं और युवतियों के साथ रोजगार उपलब्ध कराने वाली कंपनियों एवं संस्थाओं से बड़ी संख्या में रोजगार मेलों में भाग लेने की अपील की है। उन्होंने कहा कि युवा अपनी शिक्षा, कौशल और रुचि के अनुरूप उपलब्ध अवसरों का लाभ उठाएं।
जिलाधिकारी ने उद्योगों और कंपनियों से अपने यहां उपलब्ध रिक्त पदों की जानकारी दर्ज कराने और रोजगार मेलों में सक्रिय रूप से भाग लेने की अपील की। प्रशासन का उद्देश्य युवाओं और रोजगार देने वाली संस्थाओं के बीच सीधे संपर्क का अवसर उपलब्ध कराना है।
इस पहल में युवाओं को केवल नौकरी ही नहीं, बल्कि स्वरोजगार, कौशल प्रशिक्षण और उद्यमिता से जुड़े विकल्पों की जानकारी भी दी जाएगी। इससे अलग-अलग शैक्षणिक योग्यता और कौशल वाले उम्मीदवारों को अपनी रुचि के अनुसार अवसर तलाशने में मदद मिलेगी।
मुंबई उपनगर जिले में रोजगार मेले जोगेश्वरी, मानखुर्द, बांद्रा, भांडुप, कांजूरमार्ग, बोरिवली, कांदिवली, कुर्ला, विद्याविहार, चेंबूर, साकीनाका, अंधेरी, सांताक्रुज और घाटकोपर सहित कुल 18 स्थानों पर आयोजित किए जाएंगे।
इनमें विभिन्न औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (ITI), महाविद्यालय, विश्वविद्यालय और निजी संस्थान शामिल होंगे। जिलाधिकारी सौरभ कटियार की ओर से युवाओं से अपील की गई है कि वे अपनी योग्यता और रुचि के अनुसार संबंधित रोजगार मेले में पहुंचकर उपलब्ध अवसरों की जानकारी लें।
रोजगार मेले में शामिल होने के लिए इच्छुक उम्मीदवारों को पहले www.rojgar.mahaswayam.gov.in पर पंजीकरण कराना होगा। उम्मीदवार जिला कार्यालय के माध्यम से भी पंजीकरण करा सकते हैं।
मेले में शामिल होने के दौरान अभ्यर्थियों को अपने शैक्षणिक प्रमाणपत्र साथ लाने होंगे। यह जानकारी जिला कौशल विकास, रोजगार और उद्यमिता मार्गदर्शन केंद्र के सहायक आयुक्त शैलेंद्र भगत ने दी।
प्रशासन का कहना है कि रोजगार मेले का उद्देश्य युवाओं को उपलब्ध नौकरी के अवसरों से जोड़ने के साथ उन्हें कौशल विकास और स्वरोजगार के विकल्पों तक पहुंच उपलब्ध कराना है।