BMC Mayor Elections: बहुमत के बावजूद महायुति को चुनौती देंगे ठाकरे बंधु, मैदान में उतरेंगे उम्मीदवार
BMC Mayor और उपमहापौर चुनाव में बहुमत के बावजूद महायुति को विपक्ष चुनौती देने की तैयारी में है। ठाकरे गुट ने निर्विरोध चुनाव रोकने के लिए उम्मीदवार उतारने का फैसला किया है।
- Written By: अपूर्वा नायक
बीएमसी महापौर (सौ. डिजाइन फोटो )
Mumbai Mayor Election News: महायुति के बीजेपी और शिवसेना (शिंदे गुट) ने बीएमसी चुनाव में स्पष्ट बहुमत हासिल किया है। लेकिन बीजेपी के महापौर और शिंदे गुट के उपमहापौर के निर्विरोध चुने जाने की कोशिशों में रोड़ा डालने की तैयारी ठाकरे बंधुओं ने की हैं।
गुरुवार को उद्धव ठाकरे ने अपने आवास मातोश्री पर पार्टी नगरसेवकों की बैठक बुलाई थी, जिसमें महापौर और उपमहापौर पद के लिए उम्मीदवार उतारने की सहमति बनी है। मुंबई का महापौर पद ओपन कैटेगिरी महिला आरक्षित हुआ है।
महापौर पद के चुनाव के लिए नामांकन 7 फरवरी को भरे जाएंगे और 11 फरवरी वोटिंग होगी। 11 फरवरी को दोपहर में एक विशेष बैठक आयोजित की गई है। महापौर पद के लिए नामांकन वापस लेने की समय सीमा सदन की कार्यवाही शुरू होने से 15 मिनट पहले होगी।
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महायुति का पलड़ा भारी
महायुति का पलड़ा भारी है, लेकिन ठाकरे बंधु यह चुनाव निर्विरोध नहीं होने देना चाहते। बीएमसी चुनाव में महायुति के घटक दल बीजेपी, शिंदे सेना और आरपीआई (आठवले) को सफलता मिली है। इसमें भाजपा के 89 और शिंदे सेना के 29 नगरसेवक चुने गए हैं।
एनसीपी (अजीत पवार) के 3 नगरसेवकों को मिला दें तो महायुति का संख्या बल 121 हो जाता है, जो बहुमत के आंकड़े 114 से 7 ज्यादा है। विपक्षी दल शिवसेना (ठाकरे गुट) को 65, मनसे 6 और एनसीपी (शरद पवार) ने एक सीट पर जीत दर्ज की है।
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कांग्रेस के 24 पार्षद विजयी हुए हैं। शिवसेना (ठाकरे गुट) बीजेपी के बाद सबसे बड़ी दूसरी पार्टी है। सभी विपक्षी पार्टियां एक साथ भी आ जाएं, तो भी महायुति के मुकाबले उनका संख्या बल कम है। महापौर और उपमहापौर का पद आराम से महायुति के पास चला न जाए, इसलिए ठाकरे बंधुओं ने चुनाव में उम्मीदवार उतारने की रणनीति बनाई है। फिलहाल संभावित उम्मीदवारों के नाम की अभी घोषणा नहीं की गई है।
