BMC का नया प्लान: मुंबई में डी-सिल्टिंग लक्ष्य 40% घटा, अब असली गाद हटाने पर फोकस
BMC ने प्री-मानसून डी-सिल्टिंग लक्ष्य में 40% कटौती की है। अब केवल वास्तविक गाद हटाने पर भुगतान होगा और चोक पॉइंट्स साफ कर बाढ़ की समस्या कम करने पर जोर दिया जाएगा।
- Written By: अपूर्वा नायक
मीठी नदी फाइल फोटो (सौ. सोशल मीडिया )
Mumbai BMC Desilting Target: बृहन्मुंबई महानगरपालिका ने प्री-मानसून डी-सिल्टिंग (गाद हटाने) के अपने लक्ष्य में 40 प्रतिशत की कटौती करते हुए इसे 12.03 लाख मीट्रिक टन से घटाकर 8.47 लाख मीट्रिक टन कर दिया है।
अतिरिक्त मनपा आयुक्त अभिजीत बांगर ने बताया कि पहले कुल गाद में लगभग 30 प्रतिशत हिस्सा तैरते कचरे, प्लास्टिक और मलबे का होता था। अब इस हिस्से को हटाकर केवल वास्तविक गाद के आधार पर ठेकेदारों को भुगतान किया जाएगा, जिससे पारदर्शिता बढ़ेगी।
नालों की सफाई का प्लान
इस वर्ष BMC 8.41 लाख मीट्रिक टन गाद हटाने की योजना पर काम कर रही है। इसमें 3.67 लाख मीट्रिक टन छोटी नालियों से, 3.41 लाख मीट्रिक टन बड़ी नालियों से और 1.32 लाख मीट्रिक टन मीठी नदी से हटाई जाएगी।
सम्बंधित ख़बरें
देर रात CM फडणवीस से मिलने पहुंचे शरद पवार के नेता जयंत पाटिल! महाराष्ट्र में सियासी हलचल तेज
DCM एकनाथ शिंदे की अगुवाई में 6 सांसदों ने दिल्ली में अमित शाह से की मुलाकात; जानें क्या हुई बात
नवभारत विशेष: महिला क्रिकेट का नया अध्याय, लॉर्ड्स में भारत की ऐतिहासिक टेस्ट जीत
Navabharat Nishanebaaz: चंदा चोरी से लेकर चादर चोरी आखिर ऐसी कौन-सी मजबूरी
विशाल ड्रेनेज नेटवर्क
मुंबई में नालों का एक बड़ा नेटवर्क है, जिसमें 261.52 किलोमीटर लंबी बड़ी नालियां और 411.56 किलोमीटर लंबी छोटी नालियां शामिल हैं। कुल मिलाकर शहर का ड्रेनेज नेटवर्क लगभग 3,800 किलोमीटर लंबा है, जिसे मानसून से पहले साफ करना जरूरी होता है।
चोक पॉइंट्स हटाने पर फोकस
BMC इस बार जल निकासी में बाधा बनने वाले चोक पॉइंट्स को हटाने पर विशेष ध्यान दे रही है। साकी नाका और कुर्ला जैसे इलाकों में कई ऐसे स्थान चिन्हित किए गए हैं, जहां नाले ढके होने के कारण सफाई में दिक्कत आती है।
BMC के ठेकेदारों पर आरोप और जांच
इस बीच भाजपा विधायक संजय उपाध्याय ने आरोप लगाया है कि ठेकेदार गाद निकालने के नाम पर वसूली कर रहे हैं। इस पर बीएमसी ने मामले को जांच के लिए भेज दिया है और कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
ये भी पढ़ें :- Mumbai Ahmedabad Bullet Train कॉरिडोर पर बड़ा माइलस्टोन, 1360 टन गर्डर 3.5 घंटे में स्थापित
मीठी नदी के तीन हिस्से
मीठी नदी के 18 किलोमीटर लंबे हिस्से को तीन भागों में बांटा गया है, जिसमें वकोला, कालिना, बांद्रा-कुर्ला कॉम्प्लेक्स और धारावी जैसे क्षेत्र शामिल हैं। इन सभी हिस्सों में डी-सिल्टिंग कार्य को प्राथमिकता दी जा रही है, ताकि मानसून में जलभराव की समस्या कम हो सके।
