मुंबई में निर्माण परियोजनाओं पर AI-IoT से निगरानी, सीएम फडणवीस का ऐलान
Bandra East Pollution Issue: मुंबई में निर्माण परियोजनाओं की निगरानी के लिए एआई और आईओटी आधारित नई प्रणाली जल्द लागू होगी। विधान परिषद में सीएम देवेंद्र फडणवीस ने जानकारी दी।
- Written By: अपूर्वा नायक
देवेंद्र फडणवीस (सौजन्य-IANS)
Mumbai AI IoT Monitoring: महानगर में चल रही निर्माण परियोजनाओं की प्रभावी निगरानी के लिए राज्य सरकार ने इंटरनेट ऑफ थिंग्स (आईओटी) और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) आधारित एक आधुनिक प्रणाली विकसित करने का निर्णय लिया है।
देवेंद्र फडणवीस ने महाराष्ट्र विधान परिषद में इसकी जानकारी देते हुए कहा कि यह प्रणाली जल्द ही कार्यान्वित की जाएगी। मुख्यमंत्री ने बताया कि नई तकनीक के माध्यम से शहर में चल रहे बड़े प्रोजेक्ट्स की रियल टाइम मॉनिटरिंग संभव होगी। इससे प्रदूषण नियंत्रण, सुरक्षा मानकों और नियमों के पालन पर सख्त नजर रखी जा सकेगी।
बांद्रा पूर्व में प्रदूषण का मुद्दा
इससे पहले यूबीटी विधायक अनिल परब ने तारांकित प्रश्न के जरिए बांद्रा पूर्व में बंबई उच्च न्यायालय के नए भवन निर्माण के दौरान प्रदूषण नियंत्रण नियमों के उल्लंघन का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि खेरवाड़ी क्षेत्र में वायु प्रदूषण का स्तर अधिक है और मेट्रो तथा बुलेट ट्रेन जैसी परियोजनाओं से नागरिकों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है।
सम्बंधित ख़बरें
शरद पवार गुट को तगड़ा झटका: पूर्व मंत्री प्राजक्त तनपुरे थामेंगे भाजपा का दामन; सोशल मीडिया पर दिए बड़े संकेत
शाह फॉर्मूले में शिंदे को शह: विधान परिषद चुनाव में 11 सीटों के साथ BJP बनी बड़ा भाई, शिंदे और पवार बैकफुट पर
जनता का पैसा और अफसरों की अय्याशी; BKC के पार्क में आम नागरिकों की एंट्री बंद होने पर भड़के वरुण सरदेसाई
तीसरी मुंबई में कहां से आएगा पानी ? उरण के 25,000 परिवारों के सामने जल संकट, फंड की कमी से जलजीवन स्कीम लटकी
नियमों के उल्लंघन पर कार्रवाई की मांग
परब ने स्पष्ट किया कि वे विकास परियोजनाओं के विरोध में नहीं हैं, लेकिन नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्यों के दौरान पर्यावरण मानकों का सख्ती से पालन जरूरी है।
ये भी पढ़ें :- बेलासिस फ्लाईओवर आज से शुरू, ‘पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी होलकर’ नाम से होगा लोकार्पण
जल्द लागू होगी नई प्रणाली
मुख्यमंत्री फडणवीस ने आश्वासन दिया कि नई एआई-आईओटी आधारित निगरानी प्रणाली लागू होने के बाद किसी भी प्रकार के नियम उल्लंघन की तुरंत पहचान की जा सकेगी और संबंधित एजेंसियों पर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। सरकार का मानना है कि इससे मुंबई में विकास और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन बनाए रखने में मदद मिलेगी।
