महफूज आजमी (सौ. सोशल मीडिया )
Mahfuz Azmi Navbharat Exclusive Interview: गोवंडी के स्थानीय निवासी महफूज आजमी बचपन से ही लोगों की सेवा का जज्बा रखते हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि उच्च शिक्षा हासिल करने के बाद उन्होंने गरीबों और मजलूमों की लड़ाई लड़ी तथा उन्हें इंसाफ दिलाया।
इतना ही नहीं, उन्होंने इलाके को बेहतर बनाने के लिए शिक्षा, रोजगार, सड़क, गलियां, सफाई, गंदे पानी की निकासी आदि क्षेत्रों में बहुत काम किया है। उनकी पहली प्राथमिकता युवाओं को बेहतर शिक्षा दिलाना और महिलाओं को सुरक्षित साथ-साथ शिक्षित बनाना है। ‘नवभारत से संवाद’ में पेश हैं कुछ मुख्य अंश:
वार्ड 138 में समाजवादी पार्टी ने बुनियादी सुविधाओं को सुधारने के लिए क्या काम किया है?
सबसे अधिक काम सपा ने ही इस वार्ड में किया है। हमने लोगों के लिए सुविधाओं को देखते हुए सरकारी स्कूल और अस्पताल बनवाए हैं। हमने हमेशा गरीब और आम नागरिक की बुनियादी जरूरतों को प्राथमिकता दी है।
वार्ड 138 में पिछले कुछ वर्षों में हमारे विधायक अबू असीम आजमी ने कई ठोस काम किए हैं। हम विकास को सिर्फ घोषणा नहीं, बल्कि जमीन पर उतारने में विश्वास रखते हैं।
जनप्रतिनिधि के रूप में चुन कर आने के बाद मुख्य तीन काम आप क्या करेंगे?
चुनकर आने के बाद मेरी पहली प्राथमिकता इस वार्ड को मुंबई का सबसे अच्छा इलाका बनाना है। सभी समस्याओं पर तुरंत काम करना और स्थायी समाधान हो, ताकि लोग चैन की सांस ले सकें। हर गली में साफ पानी की सप्लाई और ब्लॉकेज मुक्त नालियां सुनिश्चित करना।
दूसरा काम सड़क, गलियों और रोशनी से जुड़ा हुआ रहेगा। टूटी सड़कों का निर्माण, इंटरलॉकिंग टाइल्स और सोलर स्ट्रीट लाइट्स लगवाना ताकि रात में भी सुरक्षित महसूस हों। तीसरा युवाओं और महिलाओं के लिए रोजगार-स्वास्थ्य केंद्र, स्किल सेंटर खोलना और नियमित स्वास्थ्य शिविर चलाना ताकि हमारे नौजवान आत्मनिर्भर बनें और माताएं-बहनें सुरक्षित रहें। ये तीन काम में 6 महीने में शुरू करके दिखाऊंगा।
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पूर्व नगरसेवक ने कांग्रेस को समर्थन देने की बात कही है, इसे आप कैसे देखते हैं?
यह लोकतंत्र है और हर व्यक्ति को अपनी राय रखने का अधिकार है। पूर्व नगरसेवक का फैसला उनका व्यक्तिगत निर्णय है। लेकिन वार्ड 138 की जनता बहुत समझदार है। वह देख रही है कि पिछले सालों में कौन उनके साथ खड़ा रहा, कौन मेडिकल कैंप लगवाता रहा, कौन रोज उनकी छोटी-बड़ी समस्याओं के लिए दौड़ता रहा। समाजवादी पार्टी ने कभी वादाखिलाफी नहीं की।