महाराष्ट्र में ई-चालान परियोजना 31 जुलाई तक बढ़ी, ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों पर डिजिटल सख्ती
Maharashtra Traffic Fine: महाराष्ट्र सरकार ने 'वन स्टेट वन ई-चालान' परियोजना को 31 जुलाई तक बढ़ाया। केंद्र के नए नियमों के तहत अब 6 महीने बाद भी स्वतः निरस्त नहीं होंगे ट्रैफिक ई-चालान।
- Written By: रूपम सिंह
महाराष्ट्र में ई-चालान परियोजना (सोर्स - AI)
Maharashtra e-Challan Project: ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों के लिए राहत नहीं, बल्कि डिजिटल सख्ती और कसने जा रहा है। महाराष्ट्र सरकार ने ‘वन स्टेट वन ई-चालान’ परियोजना की अवधि 31 जुलाई तक बढ़ाकर साफ कर दिया है कि ई-चालान का पहिया किसी भी हाल में नहीं रुकेगा। ‘वन नेशन वन ई-चालान’ प्रणाली लागू होने तक मौजूदा व्यवस्था पूरी ताकत के साथ जारी रहेगी, ताकि नियमों का उल्लंघन करने वालों पर बिना किसी रुकावट के कार्रवाई होती रहे।
इसी के साथ ही केंद्र की नई राष्ट्रीय ई-चालान व्यवस्था लागू करने की तैयारियां भी तेज कर दी गई हैं। राज्य में ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वालों पर डिजिटल कार्रवाई का सिलसिला फिलहाल थमने वाला नहीं है। महाराष्ट्र सरकार ने ‘वन स्टेट वन ई-चालान’ परियोजना को 31 जुलाई तक बढ़ाने का निर्णय लिया है।
गृह विभाग ने इस संबंध में 10 जुलाई को शासनादेश जारी किया। राज्य सरकार का कहना है कि ‘वन नेशन वन ई-चालान’ व्यवस्था पूरी तरह लागू होने में अभी कुछ समय लगेगा। ऐसे में ट्रैफिक नियमों का प्रभावी पालन सुनिश्चित करने और कार्रवाई में किसी तरह की रुकावट न आए, इसके लिए मौजूदा ई-चालान व्यवस्था को जारी रखना आवश्यक है।
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राज्य सरकार के अनुसार महाराष्ट्र में लगातार बढ़ रहे वाहनों की संख्या के कारण ट्रैफिक जाम और सड़क सुरक्षा से जुड़ी चुनौतियां बढ़ रही हैं। वहीं, मौके पर चालान वसूलने के दौरान पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को भी कई तरह की कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। इन्हीं समस्याओं के समाधान के लिए वर्ष 2018 में राज्य भर में ई-चालान परियोजना शुरू की गई थी।
इसके लिए करीब 59.12 करोड़ रुपए की प्रशासनिक मंजूरी दी गई थी। निविदा प्रक्रिया के बाद टेलीकम्युनिकेशन्स कंसल्टेंट्स इंडिया लिमिटेड को परियोजना का सेवा प्रदाता चुना गया। 11 दिसंबर 2018 को महाराष्ट्र सरकार और कंपनी के बीच पांच वर्ष का ठेका हुआ। ठेका में बेहतर कार्य और संतोषजनक सेवाओं की स्थिति में दो वर्ष तक अवधि बढ़ाने का प्रावधान भी रखा गया था।
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199 करोड़ बढ़ी मंजूरी लागत
परियोजना के संचालन व रखरखाव के लिए पहले 90 करोड़ रुपए और बाद में 50 करोड़ रुपए की अतिरिक्त मंजूरी दी गई, जिससे इसकी कुल मंजूरी लागत बढ़कर 199 करोड़ रुपए हो गई।
‘वन नेशन वन ई-चालान’ परियोजना के क्रियान्वयन में अभी समय लगेगा, इसलिए मौजूदा व्यवस्था को जारी रखने का निर्णय लिया गया।
छह महीने स्वतः निरस्त नहीं होंगे ई-चालान
केंद्र सरकार की 20 जनवरी की अधिसूचना के अनुसार अब ई-चालान छह महीने बाद स्वतः निरस्त नहीं होंगे। इसे देखते हुए महाराष्ट्र सरकार ने टीसीआईएल को 31 जुलाई तक सेवा विस्तार दिया है। इस दौरान राज्यभर में ई-चालान प्रणाली पहले की तरह संचालित रहेगी और ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वालों पर डिजिटल कार्रवाई निर्बाध जारी रहेगी। परियोजना का खर्च पुलिस विभाग के मंजूर बजटीय प्रावधान से वहन किया जाएगा।
