Sanjay Raut का दावा- सरकार के पास नहीं दो-तिहाई बहुमत, विधेयक पारित मुश्किल

परिसीमन विधेयक को लेकर सियासत गरमा गई है। Sanjay Raut ने दावा किया कि सरकार के पास बहुमत नहीं है, जबकि उद्धव ठाकरे ने महिला आरक्षण कानून लागू करने की मांग उठाई।
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संजय राउत (सौजन्य-सोशल मीडिया)
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Sanjay Raut On Delimitation Bill: शिवसेना (यूबीटी) के नेता संजय राऊत ने गुरुवार को कहा कि भाजपा नीत केंद्र सरकार इस भ्रम में है कि पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु और केरल के विपक्षी सांसद अपने-अपने राज्यों में चुनाव के कारण परिसीमन विधेयक पर मतदान के दौरान संसद नहीं आएंगे।

दिल्ली में संवाददाताओं से बात करते हुए राऊत ने कहा कि प्रमुख विपक्षी नेताओं, जिनमें उनकी पार्टी के प्रमुख उद्धव ठाकरे शामिल हैं, को समन्वय की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

राज्यसभा सदस्य ने कहा कि उद्धव ठाकरे और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के बीच घनिष्ठ संबंध हैं, इसलिए यह तय किया गया कि ठाकरे, बनर्जी से बात करेंगे ताकि उनकी पार्टी के सांसद संसद में उपस्थित रहें व विधेयक के खिलाफ मतदान करें।

Sanjay Raut ने किया बड़ा दावा

ठाकरे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए नई दिल्ली में विपक्षी नेताओं की बैठक में शामिल हुए। संजय राऊत ने कहा कि सरकार के पास दो-तिहाई बहुमत नहीं है, इसलिए निर्वाचन क्षेत्रों के परिसीमन का विधेयक पारित नहीं किया जा सकता।

महिला आरक्षण अधिनियम तुरंत लागू करें : उद्धव

शिवसेना के अध्यक्ष उद्धव ठाकरे ने मांग की कि केंद्र सरकार लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने संबंधी 2023 के अधिनियम को तुरंत लागू करे और निर्वाचन क्षेत्रों के परिसीमन की प्रक्रिया को स्थगित कर दे। महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री ठाकरे ने यहां एक बयान में कहा कि निर्वाचन क्षेत्रों का परिसीमन या पुनर्निर्धारण किसी एक पार्टी के राजनीतिक भविष्य से संबंधित नहीं है, बल्कि यह राष्ट्र के भविष्य से जुड़ी एक प्रक्रिया है। ठाकरे ने कहा कि संसद द्वारा पारित 2023 के उस अधिनियम को तत्काल लागू किया जाये जो लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण प्रदान करता है।

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