Hindi news, हिंदी न्यूज़, Hindi Samachar, हिंदी समाचार, Latest Hindi News
X
  • देश
  • महाराष्ट्र
  • विदेश
  • चुनाव
  • खेल
  • मनोरंजन
  • नवभारत विशेष
  • वायरल
  • धर्म
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • करियर
  • टेक्नॉलजी
  • यूटिलिटी
  • हेल्थ
  • ऑटोमोबाइल
  • वीडियो
  • वेब स्टोरीज
  • फोटो
  • होम
  • विडियो
  • फटाफट खबरें

बॉम्बे हाई कोर्ट का बड़ा फैसला: ऑफिस मीटिंग में महिला सहकर्मी के स्तन को घूरना ‘गलत आचरण’ पर अपराध नहीं

Bombay High Court: ऑफिस में महिला सहकर्मी के शरीर के ऊपरी हिस्से (स्तन) को घूरना गलत आचरण है, लेकिन धारा 354-C (वॉयरिज्म) के तहत अपराध नहीं। हाई कोर्ट ने 2015 की FIR रद्द की।

  • Written By: अनिल सिंह
Updated On: Apr 15, 2026 | 02:53 PM

Bombay High Court Voyeurism प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स AI)

Follow Us
Close
Follow Us:

Bombay High Court Voyeurism: बॉम्बे हाई कोर्ट ने वॉयरिज्म (तांक-झांक) से जुड़े एक मामले में महत्वपूर्ण कानूनी स्पष्टीकरण देते हुए एक बड़ा फैसला सुनाया है। जस्टिस अमित बोरकर की एकल पीठ ने कहा कि किसी महिला सहकर्मी के शरीर के ऊपरी हिस्से (स्तन) को घूरना निस्संदेह एक “गलत आचरण” और “अनुचित व्यवहार” है, लेकिन इसे भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 354-C (अब BNS की धारा 77) के तहत वॉयरिज्म का अपराध नहीं माना जा सकता।

यह फैसला अभिजीत बसवंत निगुडकर बनाम महाराष्ट्र राज्य के मामले में आया है, जिसमें कोर्ट ने 2015 में बोरिवली पुलिस स्टेशन में दर्ज एक एफआईआर को रद्द कर दिया।

क्या है ‘प्राइवेट एक्ट’ और धारा 354-C?

कोर्ट ने कानून की व्याख्या करते हुए स्पष्ट किया कि धारा 354-C (वॉयरिज्म) केवल तब लागू होती है जब कोई महिला किसी ‘प्राइवेट एक्ट’ (निजी कृत्य) में शामिल हो। कानून के अनुसार, प्राइवेट एक्ट का अर्थ वैसी स्थिति से है जहाँ महिला को पूर्ण गोपनीयता (Privacy) की उम्मीद होती है, जैसे कि शौचालय का उपयोग करना या निजी स्थान पर होना। कोर्ट ने कहा कि वॉयरिज्म के अपराध के लिए महिला की फोटो/वीडियो लेना या उसकी निजता में घुसपैठ करना अनिवार्य तत्व है, जो इस मामले में मौजूद नहीं था।

सम्बंधित ख़बरें

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने युवा डॉक्टरों को दिया मंत्र, AIIMS नागपुर में दीक्षांत समारोह में कही ये बड़ी बात

वर्धा में तपता आसमान: पारा 43 पार, लू का खतरा बढ़ा-प्रशासन ने जारी की चेतावनी

अवैध HTBT बीज पर सवाल: वर्धा में कंपनियों पर कार्रवाई क्यों नहीं? विजय जावंधिया ने उठाई आवाज

वर्धा में सनसनी: अलग-अलग जगहों पर मिले 3 शव, रहस्यमयी मौतों से दहशत; पुलिस जांच शुरू

ये भी पढ़ें- अमरावती कांड: अब आरोपी के घर पर चलेगा बुलडोजर! 180 लड़कियों के यौन शोषण के विरोध में अचलपुर-परतवाड़ा बंद

ऑफिस मीटिंग की घटना और कोर्ट की टिप्पणी

मामले के अनुसार, 2014 में एक महिला ने आरोप लगाया था कि ऑफिस मीटिंग के दौरान आरोपी उसकी आँखों में देखने के बजाय उसके सीने की तरफ घूरता था और अनुचित टिप्पणियाँ करता था। इस पर बॉम्बे हाई कोर्ट ने कहा, “आरोप केवल इतना है कि वह ऑफिस मीटिंग्स के दौरान घूरता था। यह कार्यस्थल पर एक असहज माहौल पैदा कर सकता है और गलत आचरण हो सकता है, लेकिन यह वॉयरिज्म नहीं है।” कोर्ट ने यह भी नोट किया कि कंपनी की आंतरिक शिकायत समिति (ICC) ने अपनी जांच में आरोपी को पहले ही इन आरोपों से दोषमुक्त कर दिया था।

हर शिकायत आपराधिक केस नहीं

जस्टिस बोरकर ने अपने फैसले में स्पष्ट किया कि कार्यस्थल पर दुर्व्यवहार या अपमान के मामले अलग तरह के कानूनी विवाद हो सकते हैं, लेकिन हर अनुचित शिकायत को सीधे तौर पर वॉयरिज्म जैसे गंभीर आपराधिक मामले में नहीं बदला जा सकता। कोर्ट ने माना कि केवल घूरने के आधार पर धारा 354-C के तहत मुकदमा चलाना कानून की प्रक्रिया का दुरुपयोग होगा।

Bombay high court ruling staring at female colleague not voyeurism section 354c

Get Latest   Hindi News ,  Maharashtra News ,  Entertainment News ,  Election News ,  Business News ,  Tech ,  Auto ,  Career and  Religion News  only on Navbharatlive.com

Published On: Apr 15, 2026 | 02:53 PM

Topics:  

  • Bombay High Court
  • Maharashtra News
  • Mumbai
  • Mumbai News

Popular Section

  • देश
  • विदेश
  • खेल
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • वेब स्टोरीज़

States

  • महाराष्ट्र
  • उत्तर प्रदेश
  • मध्यप्रदेश
  • दिल्ली NCR
  • बिहार

Maharashtra Cities

  • मुंबई
  • पुणे
  • नागपुर
  • ठाणे
  • नासिक
  • अकोला
  • वर्धा
  • चंद्रपुर

More

  • वायरल
  • करियर
  • ऑटो
  • टेक
  • धर्म
  • वीडियो

Follow Us On

Contact Us About Us Disclaimer Privacy Policy Terms & Conditions Author
Marathi News Epaper Hindi Epaper Marathi RSS Sitemap

© Copyright Navbharatlive 2026 All rights reserved.