संजय राउत (सोर्स: सोशल मीडिया)
Sanjay Raut Questions Ajit Pawar Death: महाराष्ट्र की राजनीति में उपमुख्यमंत्री अजित पवार के विमान हादसे को लेकर आरोप-प्रत्यारोप का दौर अब एक नए मोड़ पर पहुंच गया है। शिवसेना (यूबीटी) के सांसद संजय राउत ने इस मामले को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं और जांच को ‘संदिग्ध’ करार दिया है। राउत ने न केवल एनसीपी (एसपी) विधायक रोहित पवार के ‘तोड़फोड़’ (Sabotage) वाले दावों का समर्थन किया, बल्कि जांच एजेंसियों की विश्वसनीयता पर भी कड़ा प्रहार किया।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान राउत ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि देश की बड़ी जांच एजेंसियां अब अपनी स्वायत्तता खो चुकी हैं। उन्होंने कहा कि ईडी, सीबीआई, आईबी या राज्य की पुलिस हो जनता का अब इन पर से भरोसा उठ चुका है। जांच अक्सर सत्ता में बैठे लोगों को बचाने के लिए पक्षपातपूर्ण तरीके से की जाती है।
संजय राउत ने इस मामले में ‘गुजरात’ का जिक्र कर विवाद को हवा दे दी है। उन्होंने कहा कि जिस विमान में अजित दादा सवार थे, वह गुजरात से आया था। जब भी गुजरात का नाम आता है, लोगों के मन में संदेह पैदा होना स्वाभाविक है। उन्होंने अहमदाबाद के एक पुराने विमान हादसे का उदाहरण देते हुए पूछा कि उस वक्त हुई मौतों की जांच का क्या हुआ? राउत के मुताबिक, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस का यह कहना कि ‘एजेंसियों पर भरोसा रखें’, जनता के गले नहीं उतर रहा है।
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राउत ने मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे से अपील की कि रोहित पवार द्वारा उठाए गए ‘षड्यंत्र’ के दावों को महज राजनीतिक बयानबाजी मानकर खारिज न किया जाए। उन्होंने कहा, “रोहित पवार तथ्यों के साथ बात कर रहे हैं। अगर अजित दादा के प्रति सरकार की संवेदनाएं सच्ची हैं, तो मुख्यमंत्री को तत्काल अधिकारियों के साथ बैठक बुलानी चाहिए।”
हाल ही में सुनेत्रा पवार और प्रफुल्ल पटेल की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमित शाह से हुई मुलाकात पर भी राउत ने निशाना साधा। उन्होंने कहा कि तस्वीरों में तो बहुत सौहार्दपूर्ण चर्चा दिख रही है, लेकिन अफसोस इस बात का है कि विमान हादसे की जांच को प्राथमिकता नहीं दी गई। अगर यह मुद्दा प्रधानमंत्री के सामने रखा जाता, तो शायद अब तक सच सामने आ गया होता।