लातूर के किसान की मदद के लिए सामने आए सरकार के कई हाथ, अन्य किसानों का क्या…
सहकारिता मंत्री बाबासाहेब पाटिल ने सीधे लातुर के किसान को फोन कर उससे कर्ज के बारे में जानकारी ली और उसे 40,000 रुपये का कर्ज चुकाने और उसकी जरूरत के बीज खरीदने में मदद करने का आश्वासन दिया।
- Written By: आंचल लोखंडे
किसान की मदद के लिए सामने आए सरकार के कई हाथ (सौजन्यः सोशल मीडिया)
लातूर: लातूर के किसान दंपती का खेत में खुद हल चलाने का वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हुआ जिसके बाद सभी तहफ से विभिन्न प्रतिक्रियाएं सामने आई। विपक्ष ने भी यह मुद्दा सदन में उठाया जिसके बाद अब इस किसान की मदद हेतु सरकार के कई हाथ सामने आए है। पर लातुर के किसान की जो हालत है वैसी ही हालत महाराष्ट्र के कई किसानों की है। सरकार क्या इन सभी को राहत पहुंचाएगी यह सवाल किसानों का है।
बता दें कि जैसे ही मीडिया में यह खबर आई कि अहमदपुर तालुका के हाडोल्टी निवासी दम्पति अंबादास पवार और मुक्ताबाई पवार हल चलाने के बजाय खुद को बांधकर अपने खेतों की जुताई कर रहे हैं, राज्य के सहकारिता मंत्री बाबासाहेब पाटिल ने सीधे बुजुर्ग किसान दम्पति को फोन किया और उन्हें उनके ऋण चुकाने तथा बीज के लिए धन उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया है।
किसान का वीडियो हुआ था वायरल
पिछले 4 दिनों से अंबादास पवार और मुक्ताबाई पवार का एक वीडियो वायरल हो रहा था जिसमें वे बैलों की जगह खुद ही खेती कर रहे थे। सहकारिता मंत्री बाबासाहेब पाटिल ने बुधवार को सीधे किसान को फोन करके उसके कर्ज के बारे में जानकारी ली और उसे 40,000 रुपये का कर्ज चुकाने और उसकी जरूरत के बीज खरीदने में मदद करने का आश्वासन दिया।
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खेती का खर्च निर्वहन करना मुश्किल
अंबादास पवार और मुक्ताबाई पवार के पास 5 एकड़ सूखी ज़मीन है। उन्होंने बताया कि पिछले दस सालों से वे बैलों की जगह खुद खेती कर रहे हैं। अब बुढ़ापे में खेती करना मुश्किल हो गया है। उन्होंने बताया कि उनका बेटा पुणे में कहीं प्राइवेट नौकरी करता है और उन्हें इस बात का अफ़सोस है कि वे अनाज ढोने या खेती करने के लिए बैल नहीं रख सकते।
सहकारिता मंत्री करेंगे मदद
सहकारिता मंत्री बाबासाहेब पाटिल से बात करते हुए अंबादास पवार ने उनसे अनुरोध किया कि वे हमारा कर्ज चुका दें और हमें बीज उपलब्ध करवाएं। उन्होंने उनसे यह भी अनुरोध किया कि वे हमारे बच्चों को नौकरी दिलवाने का प्रयास करें। दंपत्ति का बेटा पुणे में दिहाड़ी मजदूर है, जबकि उनकी बहू और पोता गांव में रहते हैं। खास बात यह भी है कि उन्होंने अपनी बेटी की शादी भी अपनी दयनीय परिस्थितियों के बावजूद तय की है।
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शिंदे गुट के विधायक भी बटाऐंगे मदद का हाथ
साथ ही बुलढाणा से शिवसेना शिंदे गुट के विधायक संजय गायकवाड़ ने घोषणा की कि वे इस मेहनतकश बुजुर्ग दंपत्ति को एक जोड़ी बैल उपहार में देंगे। विधायक गायकवाड़ ने हाडोल्टी गांव के किसान अंबादास पवार से फोन पर बात की और उनसे सवाल किए। उन्होंने कहा कि वे उन्हें खेती के लिए बैलों की जोड़ी उपहार में देंगे। खास बात यह है कि खरीदे जाने वाले बैलों की जोड़ी का चयन किसान अंबादास पवार को करना है।
मैंने स्वयं कंधे पर हल रखकर कृषि कार्य किया है।
शनिवार 5 जुलाई को सुबह 10 बजे संजय गायकवाड़ खुद हाडोल्टी गांव (जिला लातूर) जाकर जरूरतमंद किसान को बैलों की जोड़ी देंगे। इसके साथ ही वे खेती के लिए जरूरी औजार भी मुहैया कराएंगे। विधायक गायकवाड़ ने अपनी भावनाएं व्यक्त करते हुए कहा, “मैं भी ऐसी स्थिति से गुजर चुका हूं। एक बैल की अचानक मौत हो जाने के बाद मैंने खुद कंधे पर हल रखकर खेतों में काम किया था। इसलिए मैं बुजुर्ग किसान अंबादास पवार के दुख को करीब से महसूस करता हूं।”
कृषि मंत्री माणिकराव कोकाटे ने किया आश्वस्त
कृषि मंत्री माणिकराव कोकाटे ने कहा कि हमने लातूर के किसानों की जानकारी ली है। उन्हें सरकार की ओर से हर संभव मदद दी जाएगी। मैंने अधिकारियों से बात की है। हम किसान की पूरी जानकारी लेंगे और उसे हमारे विभाग की ओर से उचित सहायता प्रदान करेंगे। हम उसकी समस्या को समझेंगे।
