जालना पुलिस का स्मार्ट मॉडल, डिजिटल निगरानी से अपराध नियंत्रण मजबूत; राज्य के लिए उदाहरण
Jalna Crime Control: जालना पुलिस की साप्ताहिक सूचना साझाकरण प्रणाली से 7 महीनों में 2,343 संदिग्धों की जानकारी साझा हुई, जिससे अपराध जांच तेज और प्रभावी बनी है।
- Written By: अंकिता पटेल
प्रतीकात्मक तस्वीर ( सोर्स: सोशल मीडिया )
Jalna Police Criminal Tracking: जालना जिले में अपराध जांच को अधिक सुदृढ़, समन्वित व तेज बनाने के उद्देश्य से पुलिस प्रशासन ने जुलाई 2025 से साप्ताहिक सूचना साझाकरण की व्यवस्था लागू की है, जो बेहद लाभदायी साबित हो रही है।
इस पहल के तहत गत 7 महीनों में गिरफ्तार किए गए 2,343 संदिग्ध आरोपियों को जानकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए जिले के सभी पुलिस थानों तक पहुंचाई गई है। समीक्षा में यह सामने आया कि इनमें से 304 आरोपी ऐसे हैं जिन पर दो या उससे अधिक आपराधिक मामले दर्ज हैं।
पुलिस अधीक्षक अजयकुमार बंसल सभी थानों के प्रभारी अधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हर शनिवार को साप्ताहिक समीक्षा बैठक लेते हैं। बैठक में सप्ताह भर में गिरफ्तार किए गए आरोपियों से संबंधित विस्तृत विवरण जैसे फोटो, फिंगरप्रिंट, चाल-ढाल (गेट पैटर्न) और आपराधिक इतिहास सभी थानों के साथ साझा किया जाता है।
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यह व्यवस्था 5 जुलाई 2025 से लागू है। तब से अब तक हजारों संदिग्धों का डेटा एकत्र कर साझा किया जा चुका है। इस समन्वित प्रक्रिया से गंभीर अपराधों में शामिल आरोपियों की पहचान और फरार अपराधियों तक पहुंच में पुलिस को उल्लेखनीय सफलता मिली है।
उल्लेखनीय है कि जिले में हर वर्ष बड़ी संख्या में अपराध दर्ज होते हैं। कई मामलों में आरोपी फरार हो जाते हैं और अक्सर देखा जाता है कि समय के साथ उनकी तलाश की प्राथमिकता कम हो जाती है।
कई बार वही आरोपी किसी अन्य थाना क्षेत्र में किसी अलग अपराध में पकड़ा जाता है। हालांकि, पुलिस हिरासत न मिलने की स्थिति में उसका पूरा आपराधिक रिकॉर्ड तत्काल सामने नहीं आ पाता।
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अपराध नियंत्रण में सफलता
बसल ने कहा कि इस पहल से सभी बानों की समान, अद्यतन और प्रमाणिक जानकारी उपलब्ध हो रही है। अपराध नियंत्रण में प्रभावी कदम का यह कहना गलत नहीं रहेगा कि साप्ताहिक सूचना साझाकरण मॉडल जिले में अपराध नियंत्रण और जांच की गुणवता बढ़ाने की दिशा में एक प्रभावी और अनुकरणीय पहल के रूप में उभरकर सामने आया है।
अपराध के आंकड़े
| क्रमांक | अपराध की श्रेणी | मामलों की संख्या |
|---|---|---|
| 1 | डकैती | 20 |
| 2 | झपटमारी / जबरी चोरी | 178 |
| 3 | घर में सेंधमारी | 174 |
| 4 | मोटरसाइकिल चोरी | 45 |
| 5 | शस्त्र अधिनियम | 154 |
| 6 | शराबबंदी कानून | 679 |
| 7 | एनडीपीएस अधिनियम | 38 |
| 8 | हिरासत में आरोपी | 107 |
| 9 | पशु चोरी | 33 |
| 10 | हत्या | 213 |
| 11 | अधिक अपराधों वाले आरोपी | 304 |
| कुल संदिग्ध आरोपी | 2,343 |
