Gondia News: शराब दुकान बंद करने को लेकर नप अंतर्गत आने वाले किड़ंगीपार के ग्रामवासियों की ओर से विरोध मोर्चा निकाला गया.जो ग्राम से निकलकर तहसील कार्यालय पहुंचा. मोर्चे में बड़ी संख्या में महिलाएं, पुरुष, युवा वर्ग आदि हजारों की संख्या में स्वस्फूर्त रूप से शामिल हुए. सुबह 8 बजे से पानी टंकी क्षेत्र, बाल उद्यान, हनुमान मंदिर क्षेत्र व आंगनवाड़ी परिसर में महिलाओं व ग्रामीणों की बैठक आयोजित की गई.
इसके बाद मोर्चा निकाला गया. किडंगीपार गांव की आबादी लगभग ढाई हजार है और अधिकतर नागरिक मजदूर, हमाल और कृषि व्यवसाय से जुड़े हैं. आमगांव से कुछ किलोमीटर दूर यह गांव आंगनवाड़ी, प्राथमिक विद्यालय और गौशाला जैसी बुनियादी सुविधाओं से सुसज्जित है.
यह गांव साफसफाई और रखरखाव के लिए खास तौर पर जाना जाता है. महिलाओं ने अपना दृढ़ निश्चय व्यक्त किया कि गांव की प्रगति और सामाजिक वातावरण को स्वस्थ रखने के लिए गांव में शराब की दुकान नहीं होनी चाहिए.
जागरूक महिलाओं, युवाओं और ग्रामीणों द्वारा उठाया गया यह कदम सामाजिक कल्याण की दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है. पुलिस ने किए कड़े बंदोबस्त मार्च की पूर्व सूचना मिलने के बाद सुबह से ही स्थानीय प्रशासन और पुलिस बल बड़ी संख्या में तैनात थे.
किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए कड़े इंतजाम किए गए थे. इलाके में पुलिस वाहनों की भी बड़ी मौजूदगी देखी गई. उसके साथ ही अग्निशमन दल का वाहन भी उपस्थित था.
भावी पीढ़ी को नशे से दूर रखने और गांव में सुरक्षित माहौल बनाने के लिए इस मोर्चे का आयोजन किया गया है. तहसील परिसर क्षेत्र की पूरी दुकान बंद कर दी गई थी. यह मोर्चा किडंगीपार से गोंदिया रोड, आंबेडकर चौक होते हुए तहसील कार्यालय पहुंचा. वहां पर पुलिस प्रशासन द्वारा पहले से ही कड़े बंदोबस्त किए गए थे.
आत्मदाह करने की चेतावनी आंदोलन के बाद तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा गया. प्रशासन को बताया कि जल्द ग्राम में शराब दुकान बंद के लिए चुनाव कराया जाए तथा जब तक चुनाव नहीं होते तब तक शराब दुकान को बंद रखा जाए. अगर प्रशासन द्वारा किसी भी प्रकार से टालमटौल किया गया तो 10 अप्रैल को रास्ता रोको आंदोलन किया जाएगा. अगर हमारी मांग को पूर्ण नहीं किया गया तो हम लोग उसी समय रेलवे पटरी पर बैठ जाएंगे.