Gondia: फर्जी किसानों पर सरकार की सर्जिकल स्ट्राइक! धान पंजीकरण में लगेगा थंब वेरिफिकेशन
Biometric System: सरकार ने फर्जी धान पंजीकरण रोकने के लिए गोंदिया में 110 केंद्रों पर थंब वेरिफिकेशन सिस्टम शुरू किया। अब किसानों को अंगूठा लगाकर पंजीकरण करना होगा।
- Written By: प्रिया जैस
धान पंजीकरण (सौजन्य-नवभारत)
Gondia Farmers: सरकारी धान खरीदी प्रक्रिया में अनियमितताओं को दूर करने के लिए, सरकार ने निर्देश दिया है कि इस वर्ष से धान बिक्री के लिए पंजीकरण करते समय किसानों के अंगूठे थंब मशीन पर लिए जाएं। इसके लिए धान खरीदी केंद्रों को थंब मशीन उपलब्ध कराई जाएगी। पंजीकरण कराने वाले किसानों ने धान बेचा है या नहीं, इसकी पुष्टि के लिए इस वर्ष से यह प्रक्रिया शुरू की गई है।
इसलिए, अब किसानों को सरकारी धान खरीदी केंद्र पर धान बेचने के लिए पंजीकरण करते समय थंब मशीन पर अपना अंगूठा लगाना होगा। किसानों को समर्थन मूल्य से कम कीमत न मिले, यह सुनिश्चित करने के लिए, सरकार जिला मार्केटिंग फेडरेशन और आदिवासी विकास महामंडल के सरकारी धान खरीदी केंद्रों पर धान खरीदती है। सरकारी धान खरीदी केंद्र पर धान बेचने के लिए किसानों को सरकार के बीम पोर्टल पर ऑनलाइन पंजीकरण कराना होता है।
थंब वेरिफिकेशन की प्रक्रिया शुरू
धान केवल उन्हीं किसानों से खरीदा जाता है जिन्होंने ऑनलाइन पंजीकरण कराया है। लेकिन, पिछले दो-तीन वर्षों में, यह बात सामने आई है कि कुछ व्यापारियों ने किसानों के नाम पर ऑनलाइन पंजीकरण करके धान बेचा है। इसलिए, इस प्रकार की धोखाधड़ी पर पूरी तरह से अंकुश लगाने के लिए, सरकार ने इस वर्ष से पंजीकृत किसानों के अंगूठे की छाप एक थंब मशीन पर लेने की प्रक्रिया शुरू की है।
सम्बंधित ख़बरें
ठाकरे सेना को एक और तगड़ा झटका? हिंगोली के सांसद नागेश पाटिल आष्टीकर पहुंचे शिंदे के ‘नंदनवन’ आवास
NCP को लगेगा अब तक का सबसे बड़ा झटका? भाजपा में शामिल होंगे 40 लोग, कांग्रेस के बयान से मचा हड़कंप
खामगांव में जल संकट की आशंका, प्रशासन अलर्ट, नागरिकों से पानी बचाने की अपील
नाफेड की चना खरीद अवधि बढ़ाई जाए, सांसद काले ने पालकमंत्री बावनकुले से की मांग
रबी का 124 करोड़ रुपये बकाया
रबी सीजन के दौरान सरकारी धान खरीदी केंद्रों पर धान बेचने वाले 17 हजार किसानों का 124 करोड़ रुपये का बकाया पिछले चार महीनों से बकाया है। सरकार ने जिला मार्केटिंग फेडरेशन को इस बकाया राशि के लिए निधि उपलब्ध नहीं कराई है। परिणामस्वरूप, किसान अभी भी अपने बकाया भुगतान के लिए संघर्ष कर रहे हैं।
यह भी पढ़ें – लैंड स्कैम और अब टैंगो शराब…पवार का फंसा परिवार, दोनों बेटों पर सपकाल ने कसा शिकंजा, कहा- 10 नंबरी
अंगूठे के निशान से सत्यापन
उल्लेखनीय है कि धान खरीदी केंद्र पर किसान द्वारा सीधे धान बेचने आने पर इस अंगूठे के निशान का सत्यापन किया जाएगा और फिर धान खरीदा जाएगा। इसके लिए, जिला मार्केटिंग फेडरेशन के माध्यम से सभी सरकारी धान खरीदी केंद्रों को थंब मशीन उपलब्ध कराई जाएगी।
– विवेक इंगले, जिला मार्केटिंग फेडरेशन अधिकारी
