गोंदिया: चलती ट्रेन में दिया जीवनदान, नागपुर-मुंबई दुरंतो एक्सप्रेस कराई सुरक्षित डिलीवरी, मां-बच्चा सुरक्षित
Baby Delivery In Duranto Express: नागपुर-मुंबई दुरंतो एक्सप्रेस में गर्भवती महिला को अचानक प्रसव पीड़ा हुई। गोंदिया की ANM राजश्री भोंडे ने चलती ट्रेन में साहस दिखाते हुए सुरक्षित डिलीवरी कराई।
- Written By: केतकी मोडक
राजश्री भोंडे और उनका नवजात शिशु (सोर्स- फोटो नवभारत)
Mother Delivers Baby In Moving Train: नागपुर से मुंबई जा रही दुरंतो सुपरफास्ट एक्सप्रेस में एक गर्भवती महिला को अचानक तेज प्रसव पीड़ा होने लगी। अगले स्टेशन पर पहुंचने में काफी समय होने के कारण गंभीर स्थिति बनी हुई थी। ऐसे में गोंदिया की स्वास्थ्य सेविका राजश्री भोंडे (नेवारे) ने अपनी जिम्मेदारी को समझते हुए और भारी जोखिम उठाते हुए चलती ट्रेन में सुरक्षित रूप से महिला का प्रसव कराया। उनके साहस और तत्परता के कारण, मां और नवजात शिशु दोनों सुरक्षित हैं और भोंडे की सराहना हो रही है।
24 जून 2026 की सुबह जब नागपुर-मुंबई दुरंतो एक्सप्रेस जलगांव स्टेशन की ओर बढ़ रही थी, तभी ट्रेन में एक गर्भवती महिला यात्री को अचानक तेज प्रसव पीड़ा होने लगी। ट्रेन के यात्री और परिजन काफी डरे हुए थे क्योंकि अगले स्टेशन पर पहुंचने में काफी समय बाकी था। गोंदिया जिले के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, काटी के अंतर्गत उपकेंद्र मरारटोला में कार्यरत एएनएम (ANM) राजश्री भोंडे (नेवारे) भी उसी ट्रेन में यात्रा कर रही थीं। उन्होंने बिना किसी डर के तत्काल पहल की, जिससे बड़ी आपदा टल गई।
सिस्टर भोंडे ने कठिन परिस्थिति में दिखाया साहस
चलती ट्रेन में प्रसव के लिए पर्याप्त चिकित्सा उपकरणों की कमी के बावजूद, सिस्टर भोंडे ने समय के महत्व को पहचाना। अपने लंबे अनुभव से उन्होंने चलती ट्रेन में बिना किसी चिकित्सीय जटिलता के महिला की ‘सफल डिलीवरी’ कराई। वे एक प्यारे से बच्चे को सुरक्षित दुनिया में लेकर आईं और अगली बड़ी आपदा को टाल दिया।
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चालीसगांव स्टेशन पर मिली एम्बुलेंस की मदद
प्रसव सुचारु रूप से होने के बाद तुरंत रेलवे प्रशासन से संपर्क किया गया। चालीसगांव रेलवे स्टेशन पर ट्रेन को रोककर, वहां पहले से मौजूद एम्बुलेंस (108) की मदद से मां और बच्चे को आगे के इलाज के लिए अस्पताल रेफर किया गया। फिलहाल मां और बच्चा दोनों सुरक्षित और स्वस्थ हैं।
