

Sambhajinagar MANPA Recruitment Exam Controversy: महानगरपालिका के विभिन्न संवर्गों के 222 रिक्त पदों की भर्ती प्रक्रिया को लेकर अभ्यर्थियों में असंतोष बढ़ता दिखाई दे रहा है। अलग-अलग पदों के लिए अलग आवेदन और अलग परीक्षा शुल्क जमा कराने के बावजूद सभी पदों के लिए एक ही प्रश्नपत्र निर्धारित किए जाने पर अभ्यर्थियों ने आपत्ति जताई है।
उनका कहना है कि इससे एक से अधिक पदों के लिए आवेदन करने वाले उम्मीदवारों के साथ न्याय नहीं होगा। भर्ती प्रक्रिया के तहत सामान्य वर्ग के अभ्यर्थियों से 1000 रुपये तथा आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थियों से 900 रुपये परीक्षा शुल्क लिया गया है। लगभग 29 हजार अभ्यर्थी परीक्षा के लिए पात्र घोषित किए गए हैं। गुरुवार से प्रवेश पत्र जारी कर दिए गए हैं तथा परीक्षा 8 और 9 जुलाई को ऑनलाइन आयोजित होगी।
भर्ती प्रक्रिया में शामिल अभ्यर्थियों ने एक ही प्रश्नपत्र के आधार पर विभिन्न पदों के लिए चयन किए जाने पर आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि महानगरपालिका के अलग-अलग पदों की जिम्मेदारियां, कार्यप्रणाली और आवश्यक कौशल भिन्न होते हैं, इसलिए प्रत्येक पद के लिए अलग परीक्षा आयोजित की जानी चाहिए थी। उम्मीदवारों का तर्क है कि अलग आवेदन और अलग परीक्षा शुल्क लेने के बावजूद सभी पदों के लिए एक समान प्रश्नपत्र रखना उचित नहीं है। इससे उन अभ्यर्थियों को नुकसान हो सकता है जिन्होंने एक से अधिक पदों के लिए आवेदन किया है और उन्हें सभी पदों पर समान अवसर नहीं मिल पाएगा।
उपायुक्त अभय प्रामाणिक ने बताया कि शासन द्वारा अधिकृत संस्था आईबीपीएस के माध्यम से परीक्षा कराई जा रही है। सभी पदों का पाठ्यक्रम समान होने के कारण एक ही प्रश्न पत्र रखने का निर्णय लिया गया है।
संभाजीनगर मनपा के अतिरिक्त आयुक्त रणजीत पाटील ने कहा कि भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी होगी। यदि कोई व्यक्ति नौकरी दिलाने के नाम पर धन की मांग करता है तो उसकी तत्काल पुलिस में शिकायत करें और किसी भी प्रकार के प्रलोभन या बिचौलियों के झांसे में न आएं।
– नवभारत लाइव के लिए छत्रपति संभाजीनगर से शफीउल्ला हुसैनी की रिपोर्ट