मार्कंडा में निकली शराब, तंबाकू की शवयात्रा (सौजन्य-नवभारत)
De-addiction Campaign Markanda: विदर्भ की काशी के रूप में पहचाने जाने वाले मार्कंडादेव में प्रति वर्ष महाशिवरात्रि के उपलक्ष्य में विशाल मेले का आयोजन होता है। इस वर्ष 15 फरवरी से मेले का आयोजन होकर लाखों की संख्या में श्रध्दालु यहां पर पहुंच रहे है। ऐसे में इस यात्रा को पूरी तरह शराब और तंबाकू मुक्त करने का संकल्प मुक्तिपथ, ग्रापं प्रशासन और देवस्थान समिति द्वारा किया गया।
वहीं यात्रा अवधि में शराब और तंबाकू के चलते किसी भी तरह की अनुचित घटना न घटे और धार्मिक स्थल की पवित्रता भंग न हो, इसलिए शराब और तंबाकु मुक्ति का संदेश दिया गया। जिसे स्थानीय व्यवसायियों ने प्रतिसाद दिया है। लेकिन कुछ विक्रेता चोरी-छिपे तंबाकू और शराब की बिक्री करने की जानकारी मिलते ही इसके खिलाफ मुहिम चलाई गई।
साथ ही नागरिकों में जनजागृति की गई। पिछले सप्ताह भर की अवधि में विभिन्न जगहों पर कार्रवाई कर करीब 2 लाख 84 हजार रुपयों की शराब और तंबाकू जब्त कर उनकी यात्रा में ही शवयात्रा निकाली गई।
महाशिवरात्रि के उपलक्ष्य में आयोजित मेले के दौरान भगवान शिव के दर्शन लेने आने वाले कोई भी श्रध्दालू तंबाकू अथवा शराब का सेवन न करें, इसलिए यात्रा अवधि में श्रध्दालुओं में जनजागृति की गई। इसके लिए रैली, पोस्टर्स और नशामुक्ति के घोषणाओं का उपयोग किया गया।
वहीं नशे का घातक परिणाम दिखाने के लिए शराब और तंबाकू की शवयात्रा निकालकर श्रध्दालुओं का ध्यानाकर्षण कराया गया। साथ ही तंबाकू का सेवन न करने की अपील भी इस समय की गई।
यह भी पढ़ें – बुलढाणा हिंसा: शिवसेना UBT महिला नेता के साथ बदसलूकी! भीड़ ने फाड़े कपड़े; 21 बंदी, 37 लोगों पर FIR दर्ज
पिछले सप्ताह भर की अवधि में चलाई गई मुहिम में 2 लाख 20 हजार रुपये का तंबाकूजन्य पदार्थ और 64 हजार रुपये की शराब ऐसा कुल 2 लाख 84 हजार रुपयों का माल नष्ट किया गया है।
विक्रेताओं से 2 हजार 200 रुपयों का जुर्माना भी वसूला गया। विशेषत: शराब बिक्री करने वाले चार लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। मुहिम पुलिस विभाग, देवस्थान समिति, ग्रापं समिति और मुक्तिपथ ने की है।