Gadchiroli CITU (सोर्सः सोशल मीडिया)
CITU Union Maharashtra: अंशकालिक स्त्रीपरिचर संगठन (सीटू) का जिला सम्मेलन गड़चिरोली के सेमाना देवस्थान में स्थित सभागृह में आयोजित हुआ। सम्मेलन में परिचरों ने विभिन्न मांगें रखी। इस दौरान अपनी मांगों को लेकर आगामी रणनीति तय की गई। सम्मेलन की अध्यक्षता माकपा के जिला सचिव अमोल मारकवार ने की।
प्रमुख मार्गदर्शक के रूप में चंद्रपुर के अरुण भेलके, शेकाप के नेता रामदास जराते, आजाद समाज पार्टी के राज बन्सोड, सतीश दुडमलवार आदि उपस्थित थे। इस दौरान मारकवार ने कहा कि अर्धवेल स्त्री परिचर के रूप में महिलाओं की नियुक्ति की पूर्व के समय में केवल 50 रुपये मासिक मानधन पर महिला कार्य कर रहे थी। वहीं कुछ वर्षों में वह बढ़ाकर केवल 3 हजार मानधन किया गया।
कार्य का प्रकार अर्धसमय के रूप में है, लेकिन नितदिन 8/10 घंटे कार्य उक्त महिलाओं को करना पड़ता है। अल्प मानधन पर कार्य करने के बावजूद जनता के स्वास्थ्य का ध्यान महिला हमेशा ले रही थी। कोरोना अवधि में इन महिलाओं ने अपने जान की फिक्र किए बगैर कोरोना योध्दा के रूप में कार्य किया। लेकिन सरकार ने इस ओर कभी भी ध्यान नहीं दिया। ऐसा आरोप मारकवार ने सम्मेलन में लगाया।
सीटू संगठन के संघर्ष के चलते मासिक मानधन 6 हजार किया गया है, लेकिन यह मानधन पर्याप्त नहीं है। इस दौरान उक्त परिचरों को अर्धसमय के न समझते हुए पूर्ण समय के समझे, मासिक मानधन 20 हजार रुपये दें, 5 हजार रुपये मासिक पेन्शन दें, कोराना अवधि का भत्ता दें।
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इन मांगों को लेकर सीटू संगठन के नेतृत्व में संघर्ष जारी रखने का संकल्प किया गया, सम्मेलन में अर्चना मारकवार, वैशाली शाखाकार, भाविका राऊत, ज्योति दुर्ग, सुरेखा केलझरकर, साबैसा शेख, रेखा बंडावार, शामलता कुंभारे, रसिका मोहुर्ले, जया कन्नाके, अनिता नैताम, कुसुम मरसकोल्हे, निशा कोल्हे समेत जिले की महिलाएं सहभागी हुई थी।