

Chhatrapati Sambhajinagar Congress Protest: मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के नाम पर पात्र मतदाताओं के नाम हटाए जा रहे हैं, यह आरोप लगाते हुए कांग्रेस ने सोमवार को जिलाधिकारी कार्यालय के सामने जोरदार प्रदर्शन किया। जिला कांग्रेस अध्यक्ष किरण पाटील डोणगांवकर और शहर जिला कांग्रेस अध्यक्ष एड. सय्यद अक्रम के नेतृत्व में हुए आंदोलन में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की गई।
कांग्रेस पदाधिकारियों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर मतदाता सूची में पारदर्शिता और नाम हटाने से पहले उचित सत्यापन की मांग की।
कांग्रेस ने कहा कि मतदाता सूची स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव की बुनियाद है। SIR के दौरान नाम जोड़ने, हटाने तथा मतदाता सूचियों के संगणकीकरण और केंद्रीकरण को लेकर पारदर्शिता सुनिश्चित की जानी चाहिए। पार्टी ने मांग की कि किसी पात्र मतदाता का नाम उचित जांच और सुनवाई का अवसर दिए बिना सूची से नहीं हटाया जाए।
कांग्रेस ने बिहार और पश्चिम बंगाल की मतदाता सूचियों से जुड़े घटनाक्रम तथा महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव 2024 के दौरान मतदाताओं की संख्या में हुई वृद्धि का उल्लेख करते हुए सूची में हुए बदलावों की निष्पक्ष जांच की मांग की। साथ ही चुनाव आयोग की निर्णय प्रक्रिया और सूचना-प्रौद्योगिकी व्यवस्था के केंद्रीकरण पर भी सवाल उठाए।
ज्ञापन में कहा गया कि अपात्र या दोहरे नाम हटाते समय संबंधित मतदाता को आपत्ति दर्ज कराने और आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत करने का अवसर मिलना चाहिए। नाम हटाने से पहले उचित सत्यापन की प्रक्रिया स्पष्ट की जाए।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी की। मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रतीकात्मक पुतला जलाया गया और प्रतीकात्मक रूप से गधे पर जुलूस निकालकर विरोध जताया गया। प्रदर्शन में जिला और शहर कांग्रेस के पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि, विभिन्न विभागों के पदाधिकारी तथा बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे।