

Chhatrapati Sambhajinagar Kanwar Yatra: उबाठा के नेता और विधायक अंबादास दानवे के संयोजन में सोमवार को छत्रपति संभाजीनगर में विराट कांवड़ यात्रा निकाली गई। क्रांति चौक से शुरू हुई यह यात्रा खडकेश्वर मंदिर पहुंचकर संपन्न हुई। यात्रा के दौरान ‘हर हर महादेव’, ‘बम बम भोले’ और ‘जय भवानी, जय शिवाजी’ के जयघोष से शहर का वातावरण भक्तिमय हो गया। जिले के विभिन्न तालुकों से पवित्र नदियों का जल लेकर पहुंचे शिवभक्तों ने खडकेश्वर मंदिर में भगवान महादेव का जलाभिषेक किया।
कांवड़ यात्रा में महिलाओं ने पारंपरिक भारतीय वेशभूषा में भगवा वस्त्र धारण कर बड़ी संख्या में सहभागिता की। पुरुष भी पारंपरिक सफेद वस्त्रों में यात्रा में शामिल हुए। हलगी, संबल और झांझ पथकों के साथ उज्जैन के ‘श्री भस्म रमैय्या भक्त मंडल’ और ‘दिल महाकाल’ पथक ने भी सहभागिता की। वारकरी परंपरा के भजन, गवलणी, अभंग, मृदंग और विभिन्न पारंपरिक वाद्यों की धुन से यात्रा में भक्तिमय वातावरण बना रहा।
‘श्री माऊली वारकरी शिक्षण संस्था, निल्लोड’ के विद्यार्थियों ने वृंदावन की रास, पावल्या, फुगड़ी और विभिन्न सजीव झांकियां प्रस्तुत कीं। भगवान शंकर और वेताळ-भूतों की वेशभूषा में प्रस्तुत झांकियों ने लोगों का ध्यान आकर्षित किया। संत तुकाराम महाराज के अभंग पर आधारित प्रस्तुति भी विशेष आकर्षण रही। उज्जैन से आए श्रद्धालुओं के डमरू और अन्य वाद्यों की ताल ने यात्रा की शोभा बढ़ाई।
अंबादास दानवे ने स्वयं कांवड़ हाथ में लेकर क्रांति चौक से खडकेश्वर मंदिर तक का पूरा सफर नंगे पैर तय किया। उनके इस सहभाग से शिवभक्तों में उत्साह का माहौल बना रहा। यात्रा मार्ग पर व्यापारियों, छोटे व्यवसायियों, उद्यमियों और नागरिकों ने जगह-जगह कांवड़ यात्रा का स्वागत किया। महिलाओं और युवाओं ने उत्साह के साथ नृत्य करते हुए यात्रा में सहभागिता की।
कांवड़ यात्रा के दौरान सामाजिक सौहार्द की तस्वीर भी देखने को मिली। पैठण गेट क्षेत्र में मुस्लिम समाज के लोगों ने कांवड़ यात्रियों के लिए पानी की व्यवस्था की और यात्रा का स्वागत किया। इस पहल से हिंदू-मुस्लिम एकता और सामाजिक सद्भाव का संदेश दिया गया। यात्रा के दौरान धार्मिक उत्साह के साथ सामाजिक एकता और भाईचारे का माहौल भी दिखाई दिया।
कांवड़ यात्रा के माध्यम से धार्मिक आस्था के साथ स्वच्छता का संदेश भी दिया गया। महानगरपालिका की ओर से ‘स्वच्छता रखें, कचरा न फेंकें’ का संदेश दिया गया। स्वयंसेवकों और कांवड़ यात्रियों ने भी यात्रा मार्ग पर स्वच्छता बनाए रखने की अपील की। इससे धार्मिक आयोजन के साथ सामाजिक जिम्मेदारी का संदेश भी सामने आया।
खडकेश्वर मंदिर पहुंचने के बाद शिवभक्तों ने भगवान महादेव का पवित्र जल से जलाभिषेक किया। इसके बाद भगवान शंकर की आरती की गई और भक्तिमय वातावरण में कांवड़ यात्रा का समापन हुआ। यात्रा में शिवभक्तों, वारकरियों, महिलाओं, युवाओं और नागरिकों की बड़ी संख्या में सहभागिता रही।
यात्रा में शिवसेना नेता चंद्रकांत खैरे, उपनेता सुभाष पाटील, राज्य संघटक चेतन कांबले, सहसंपर्कप्रमुख अनिल चोरडिया, उपजिलाप्रमुख संतोष जेजुरकर, संतोष खेडके, राजू इंगले, अविनाश पाटील, अशोक शिंदे, विठ्ठल बदर, अरविंद धिवर, शहरप्रमुख बालासाहेब थोरात, किसान सेना जिलाप्रमुख नानासाहेब पलसकर, मनपा गटनेता गणेश लोखंडे सहित शिवसेना पदाधिकारी, शिवसैनिक, महिला और युवासैनिक बड़ी संख्या में शामिल हुए।