चंद्रपुर मनपा में कांग्रेस में बढ़ी गुटबाजी, वडेट्टीवार गुट को बड़ा झटका
Congress Corporators Dispute: चंद्रपुर मनपा में कांग्रेस के वडेट्टीवार गुट के वर्तमान नेता राजेश अडूर को पद से हटाने के लिए धानोरकर समर्थित 15 पार्षद अचानक अज्ञात स्थल पर चले गए हैं।
- Written By: केतकी मोडक
विजय वडेट्टीवार फाईल फोटो (सोर्स - X @LutyensMediaIN)
Chandrapur Congress Factionalism: चंद्रपुर महानगर पालिका में कांग्रेस पार्षदों के बीच दरार पड़ने से कांग्रेसी नेता विजय वडेटटीवार के खेमे में खलबली मच गई है। मनपा में कांग्रेस के प्रतिभा धानोरकर समर्थक कुछ पार्षद फिलहाल अज्ञात स्थल पर रवाना हुए है, जिनमें वडेटटीवार गुट के कुछ पार्षद शामिल होने से राजनीतिक क्षेत्र में हलचल मच गई है। स्थानीय मनपा में कांग्रेस के कुल 27 पार्षद है, जिनमें वडेट्टीवार समर्थित पार्षदों की संख्या 15 जबकि धानोरकर समर्थित पार्षदों की संख्या 12 थीं।
यह स्थिति मनपा चुनाव के बाद उभरकर आयी थी। बताया जाता है कि, मनपा में धानोरकर समर्थित पार्षदों का एक गुट इन दिनों अज्ञात स्थल पर पर्यटन के लिए रवाना हुआ है। खास बात यह है कि, जो पार्षद फिलहाल अज्ञात स्थल पर घूमने गए है, उनकी संख्या 15 बताई जा रही है, अर्थात धानोरकर समर्थित पार्षदों में वडेट्टीवार समर्थित कुछ पार्षद भी शामिल हुए है। यह भी बताया जा रहा है भी धानोरकर गुट में शामिल होने को उत्सुक है।
और यह सारी कवायद मनपा में कांग्रेस के वर्तमान गुट नेता राजेश अडूर को पद से बाहर करने के उद्देश्य से की जा रही है। अडूर यह वडेटटीवार गुट के कट्टर समर्थक माने जाते है। गौरतलब है कि मनपा चुनाव की घोषणा के बाद से ही यहां वडेट्टीवार और धानोरकर गुट में घमासान देखने मिला है। प्रत्याशियों के नामों का चयन से लेकर शुरू हुई यह अंदरूनी लड़ाई चुनाव के बाद सत्ता काबिज करने के लिए एकदूसरे के समर्थित पार्षदों को भगाकर ले जाने तक पहुंच गई थी।
सम्बंधित ख़बरें
मानसून की देरी से ठाणे बेहाल, शहापुर-मुरबाड के एक लाख लोग पानी के लिए टैंकरों पर निर्भर
छत्रपति संभाजीनगर मनपा का बड़ा फैसला; संविदा कर्मचारियों के काम की होगी समीक्षा, लापरवाही पर जाएगी नौकरी
आमरावती: धारणी में बुआई से पहले डीजल संकट गहराया, किसानों की बढ़ी चिंता
भंडारा में मानसून की देरी से बढ़ी किसानों की चिंता, कृषि विभाग ने बुवाई टालने की दी सलाह
दोनों नेताओं के बीच यह विवाद इस कदर बढ़ गया था कि, उसे सुलझाने के लिए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल के पसीने छूट गए थे, अंततः विवाद सुलझाने में नाकाम रहे सपकाल ने हाथ खड़े कर दिए थे। दोनों के बीच का यह विवाद अंततः कांग्रेस के दिल्ली हाईकमान तक पहुंचा था।
मेयर चुनाव में मिली थी पराजय
कुल 56 सदस्यीय चंद्रपुर मनपा में कांग्रेस 27 पार्षदों के साथ बहुमत के बेहद करीब होने के बावजूद भी मनपा में मेयर चुनाव में पराजित हुई थी। यहां भाजपा ने शिवसेना (उबाठा) और कुछ निर्दलीय पार्षदों के बल पर सत्ता काबिज कर ली थी।
यह भी पढ़ें:- हजारों छात्रों के हुजूम से थर्राया पुणे: NEET धांधली के खिलाफ कॉकरोच जनता पार्टी का महाविस्फोट, देखें VIDEO
मुझे हटाने की साजिश नाकाम होगी: अडूर
- इस बीच मनपा में कांग्रेस गुट नेता राजेश अडूर ने कहा कि, मुझे पद पर से हटाने की कांग्रेस पार्षदों की साजिश कामयाब नहीं होगी। उन्होंने कहा कि, अपनी ही पार्टी के कुछ पार्षद मुझे गुट नेता पद से हटाने की साजिश के तहत लामबंद हो रहे है। कुछ पार्षद बीती रात से नॉट रिचेबल आ रहे है।
- यह सभी पार्षद अज्ञात स्थल पर होने तथा अपने मोबाइल स्विच ऑफ किये हुए होने की जानकारी सामने आ रही है। उन्होंने कहा कि, सिर्फ वे दलित समाज के होने से ही उन्हें गुट नेता पद से हटाने के प्रयास किये जा रहे है। उन्होंने कहा कि, भले ही उनके कुछ समर्थित पार्षद दूसरे गुट में शामिल हो गए हो, किंतु अब भी वे उनके संपर्क में है। दूसरे गुट के पास उन्हें हटाने योग्य संख्याबल नहीं है। अतः मुझे पद से हटाने की यह साजिश यकीनन नाकाम होगी।
