चुपके से बदल दिए उम्मीदवार, रवींद्र चव्हाण की सूची में हेरफेर करने पर चंद्रपुर BJP हेड की छुट्टी

Subhash Kasangottuwar BJP Removal Chandrapur: भाजपा प्रदेश अध्यक्ष रवींद्र चव्हाण की लिस्ट बदलने के आरोप में चंद्रपुर नगर अध्यक्ष सुभाष कासनगोट्टुवार निष्कासित। निकाय चुनाव से पहले बढ़ी हलचल।
BJP candidate list manipulation Maharashtra
अध्यक्ष सुभााष कासनगोट्टुवार (सौजन्य-सोशल मीडिया)
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Chandrapur News: प्रदेश नेतृत्व के आदेश की अवहेलना महाराष्ट्र में 15 जनवरी को होने वाले नगर निकाय चुनावों से ठीक पहले भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की चंद्रपुर इकाई में बड़ा संगठनात्मक संकट खड़ा हो गया है। भाजपा प्रदेश नेतृत्व ने चंद्रपुर नगर इकाई के अध्यक्ष सुभााष कासनगोट्टुवार को उनके पद से तत्काल प्रभाव से हटा दिया है।

कासनगोट्टुवार पर आरोप है कि उन्होंने प्रदेश अध्यक्ष द्वारा आधिकारिक रूप से स्वीकृत उम्मीदवारों की सूची में चुपके से बदलाव किया और अपात्र लोगों को नामाकंन पत्र (AB फॉर्म) वितरित कर दिए।

कैसे सामने आई हेराफेरी?

भाजपा की युवा इकाई के प्रदेश महासचिव सुनील डोंगरे ने इस मामले का खुलासा करते हुए बताया कि प्रदेश अध्यक्ष रवींद्र चव्हाण ने चंद्रपुर के लिए एक आधिकारिक सूची भेजी थी। हालांकि, जब कासनगोट्टुवार ने स्थानीय स्तर पर सूची साझा की, तो उसमें कई मूल नाम गायब थे और उनकी जगह नए नाम शामिल कर लिए गए थे। पार्टी को बाद में पता चला कि चव्हाण द्वारा हस्ताक्षरित मूल दस्तावेज के साथ छेड़छाड़ की गई थी ताकि कुछ खास लोगों को चुनावी मैदान में उतारा जा सके।

सुनील डोंगरे का नाम भी सूची से कटा

इस विवाद का एक पहलू यह भी है कि खुद सुनील डोंगरे का नाम प्रदेश अध्यक्ष द्वारा भेजी गई मूल सूची में शामिल था, लेकिन कासनगोट्टुवार द्वारा जारी संशोधित सूची से उनका नाम हटा दिया गया। इस कथित कदाचार और अनुशासनहीनता को आधार बनाते हुए भाजपा प्रदेश कार्यालय सचिव मुकुंद कुलकर्णी ने बुधवार को कासनगोट्टुवार को निष्कासन का पत्र थमा दिया।

मुनगंटीवार बनाम जोरगेवार गुट की लड़ाई

स्थानीय राजनीतिक सूत्रों के अनुसार, यह पूरा मामला जिले के दो बड़े नेताओं पूर्व मंत्री सुधीर मुनगंटीवार और विधायक किशोर जोरगेवार के बीच चल रहे शीत युद्ध का परिणाम है। बताया जा रहा है कि कासनगोट्टुवार ने स्थानीय दबाव में आकर उम्मीदवारों की अदलाबदल की थी। पार्टी के भीतर इस तरह की धोखाधड़ी सामने आने के बाद अब चंद्रपुर भाजपा में असंतोष और बढ़ने की आशंका है।

चुनाव पर असर की संभावना 15 जनवरी को होने वाले मतदान से पहले इस कार्रवाई ने भाजपा के चुनावी अभियान को प्रभावित किया है। एक ही वार्ड में कई उम्मीदवारों को AB फॉर्म मिलने से कार्यकर्ता और मतदाता दोनों संभ्रम में हैं। पार्टी अब इस डैमेज को कंट्रोल करने और अधिकृत उम्मीदवारों की स्थिति स्पष्ट करने में जुटी है।

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