तुमसर वन विभाग का अनूठा अभियान: बुद्ध पूर्णिमा पर 21 घंटे तक 5 जलस्रोतों पर होगी वन्यजीवों की गणना
Bhandara News: तुमसर वन विभाग 1 मई से 5 प्रमुख जलस्रोतों पर 21 घंटे का वन्यजीव गणना अभियान चलाएगा। मचानों पर बैठकर अधिकारी और स्वयंसेवक रात भर वन्यजीवों की गतिविधियों का रिकॉर्ड तैयार करेंगे।
तुमसर वन विभाग (सोर्स- नवभारत)
Bhandara Forest Department News: वन्यजीव संरक्षण और उनकी सटीक गणना के उद्देश्य से वन विभाग द्वारा हर वर्ष बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर विशेष जनगणना अभियान चलाया जाता है। इसी परंपरा को आगे बढ़ाते हुए इस वर्ष 1 मई को तुमसर वन रेंज के अंतर्गत पांच प्रमुख जलस्रोतों पर वन्यजीव जनगणना आयोजित की जा रही है। इस जनगणना में वन विभाग के अधिकारी, कर्मचारी तथा प्रशिक्षित स्वयंसेवक सक्रिय रूप से भाग लेंगे।
जनगणना की प्रक्रिया के तहत सभी प्रतिभागी जंगल में बनाए गए मचानों अवलोकन मंचों पर तैनात रहेंगे और रात्रि भर जलस्रोतों पर आने वाले वन्यजीवों का सूक्ष्म निरीक्षण कर उनकी संख्या एवं गतिविधियों का रिकॉर्ड तैयार करेंगे। जंगल के शांत वातावरण में रात के समय वन्यजीवों की गतिविधियां अधिक स्पष्ट रूप से देखने को मिलती है। यही कारण है कि इस जनगणना का मुख्य आकर्षण रात्रिकालीन अवलोकन होता है, जिससे वन्यजीवों की वास्तविक उपस्थिति और व्यवहार की सटीक जानकारी प्राप्त होती है।
वन विभाग ने इस अभियान को जनभागीदारी से जोड़ते हुए प्रकृति प्रेमियों, गैरसरकारी संगठनों तथा इच्छुक नागरिकों को भी इसमें शामिल होने का अवसर दिया है। यह जनगणना अभियान 1 मई को दोपहर 300 बजे से प्रारंभ होकर 2 मई को दोपहर 1200 बजे तक लगातार जारी रहेगा।
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इस दौरान सभी प्रतिभागी निर्धारित मचानों पर रहकर जलस्रोतों पर आने वाले वन्यजीवों की गणना करेंगे।संरक्षण के साथ जागरूकता का प्रयासवन विभाग की यह पहल न केवल वन्यजीवों की संख्या और उनके व्यवहार के अध्ययन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है, बल्कि आम नागरिकों में वन्यजीव संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने का भी प्रभावी माध्यम है।
साथ ही, यह कार्यक्रम लोगों को प्रकृति के करीब लाकर जंगल के जीवन को नजदीक से समझने का दुर्लभ अवसर प्रदान करता है। इस प्रकार, बुद्ध पूर्णिमा के पावन अवसर पर आयोजित यह जनगणना अभियान संरक्षण, शोध और जनसहभागिता का उत्कृष्ट उदाहरण साबित हो रहा है।
