Hindi news, हिंदी न्यूज़, Hindi Samachar, हिंदी समाचार, Latest Hindi News
X
  • देश
  • महाराष्ट्र
  • विदेश
  • खेल
  • मनोरंजन
  • नवभारत विशेष
  • वायरल
  • धर्म
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • करियर
  • टेक्नॉलजी
  • यूटिलिटी
  • फैक्ट चेक
  • हेल्थ
  • ऑटोमोबाइल
  • वीडियो

  • वेब स्टोरीज
  • फोटो
  • होम
  • विडियो
  • फटाफट खबरें

धान खरीदी का संकट: अंतिम तिथि में बचे महज 18 दिन, लिमिट के अभाव में केंद्रों पर खरीदी ठप

  • Author By Anuj Sahu | published By रूपम सिंह |
Updated On: Mar 12, 2026 | 06:59 PM
Follow Us
Close
Follow Us:

Agriculture Maharashtra News: भंडारा जिले के किसानों के लिए इस वर्ष का खरीफ सीजन उम्मीदों के बजाय चिंताओं का सबब बन गया है। धान खरीदी की अंतिम तिथि 31 मार्च बेहद करीब आ चुकी है और अब केवल 18 दिन शेष बचे हैं, लेकिन सरकारी तंत्र की सुस्ती के कारण जिले में पिछले डेढ़ से दो महीने से खरीदी प्रक्रिया पूरी तरह ठप पड़ी है।

किसान इस समय दोहरी मार झेल रहे हैं। एक तरफ धान केंद्रों और घरों में पड़ा हुआ धान सड़ रहा है, तो दूसरी तरफ बेचे गए धान का भुगतान न मिलने से उनके सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। सरकार के इस ठंडे रुख ने अन्नदाता को हताश कर दिया है।

सरकारी आंकड़ों पर नजर डालें तो पिछले रबी सीजन में धान की खरीदी में रिकॉर्ड तोड़ बढ़ोतरी देखी गई। जहां एक वर्ष पूर्व रबी की खरीदी केवल 3 लाख क्विंटल थी, वहीं पिछले रबी सीजन में यह बढ़कर 18 लाख क्विंटल तक पहुंच गई। इसी तर्ज पर इस खरीफ सीजन में भी भारी आवक का अनुमान लगाया था।

सम्बंधित ख़बरें

महंगाई के खिलाफ कांग्रेस का हल्लाबोल: नागपुर में सड़क पर चूल्हा जलाकर जताया विरोध

अमरावती कोर्ट का ऐतिहासिक फैसला: नाबालिग छात्रा से दुष्कर्म के मामले में चौकीदार को 10 साल की कड़ी सजा

वैश्विक तनाव का असर: अमरावती में गैस सिलेंडर को लेकर चिंता, पुलिस सुरक्षा में वितरण

गोंदिया-हैदराबाद इंडिगो फ्लाइट सेवा पर संकट: 1 मई से बंद होने की संभावना

यह अनुमान सही भी साबित हुआ क्योंकि अब तक लगभग 88,115 किसानों से 31,57,313 क्विंटल धान खरीदा जा चुका है, जो पिछले वर्ष के मुकाबले करीब 2.63 लाख क्विंटल अधिक है। लेकिन विडंबना यह है कि जब खरीदी की रफ्तार चरम पर थी, तभी सरकार ने नई लिमिट रोक दी।

जिला मार्केटिंग फेडरेशन ने शासन से अतिरिक्त 20 लाख क्विंटल धान खरीदी की लिमिट बढ़ाने की मांग की है। अधिकारियों का कहना है कि इसके लिए शासन को दर्जनों पत्र लिखे जा चुके हैं और वस्तुस्थिति से अवगत कराया जा चुका है, लेकिन मुख्यालय से अब तक कोई सकारात्मक जवाब नहीं आया है।

सरकार की इस अनदेखी का फायदा अब निजी व्यापारी उठा रहे हैं। सरकारी केंद्रों पर लिमिट न होने और खरीदी बंद होने के कारण परेशान किसान औनेपौने दामों पर अपना धान निजी व्यापारियों को बेचने के लिए मजबूर हैं। किसानों का कहना है कि कड़ी मेहनत के बाद उपजाया गया धान अब उनकी आंखों के सामने खराब हो रहा है, जिससे उन्हें लग रहा है कि अधिक उपज लेना उनके लिए सजा बन गया है।

संकट केवल खरीदी तक सीमित नहीं है, बल्कि भुगतान यानी चुकारे की स्थिति भी बेहद दयनीय है। जिले के 88,115 किसानों से अब तक 747.96 करोड़ रुपये मूल्य का धान खरीदा गया है, लेकिन भुगतान के नाम पर अब भी भारी अंतर बना हुआ है।

Paddy procurement crisis limit extension pending farmers distress maharashtra

Get Latest   Hindi News ,  Maharashtra News ,  Entertainment News ,  Election News ,  Business News ,  Tech ,  Auto ,  Career and  Religion News  only on Navbharatlive.com

Published On: Mar 12, 2026 | 05:55 PM

Topics:  

  • Bhandara News
  • Maharahstra News

Popular Section

  • देश
  • विदेश
  • खेल
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • वेब स्टोरीज़

States

  • महाराष्ट्र
  • उत्तर प्रदेश
  • मध्यप्रदेश
  • दिल्ली NCR
  • बिहार

Maharashtra Cities

  • मुंबई
  • पुणे
  • नागपुर
  • ठाणे
  • नासिक
  • अकोला
  • वर्धा
  • चंद्रपुर

More

  • वायरल
  • करियर
  • ऑटो
  • टेक
  • धर्म
  • वीडियो

Follow Us On

Contact Us About Us Disclaimer Privacy Policy Terms & Conditions Author
Marathi News Epaper Hindi Epaper Marathi RSS Sitemap

© Copyright Navbharatlive 2026 All rights reserved.