राष्ट्रसंत तुकडोजी महाराज की जयंती पर भक्तिमय हुआ धुसाला; प्रदीप पडोले ने भजनों को बताया ईश्वर का मार्ग
Bhandara News: धुसाला में राष्ट्रसंत तुकडोजी महाराज की जयंती धूमधाम से मनाई गई। प्रदीप पडोले ने भजन मंडलों का सम्मान करते हुए ग्रामगीता के विचारों को जीवन में उतारने का आह्वान किया।
Bhandara Rashtrasant Tukdoji Maharaj: भंडारा ग्रामगीता को जीवनशास्त्र मानने वाले राष्ट्रसंत तुकडोजी महाराज की जयंती के उपलक्ष्य में गुरुदेव सेवा मंडल धुसाला की ओर से आयोजित ग्रामजयंती महोत्सव से पूरा परिसर भक्तिमय हो गया। टालमृदंग की थाप, राष्ट्रसंत के भजनों के स्वर और हरि जय विट्ठल के जयघोष से वातावरण में आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार हुआ। इस महोत्सव का समापन गोपालकाला और भजन मंडलों के सत्कार समारोह के साथ अत्यंत उत्साहपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ।
महोत्सव के विशेष समारोह की अध्यक्षता भाजपा तुमसर मोहाडी विधानसभा प्रमुख प्रदीप पडोले ने की। इस अवसर पर प्रमुख अतिथि के रूप में पूर्व सांसद मधुकर कुकड़े, भाजपा जिला महामंत्री भगवान चांदेवार, रामकृष्ण पुंडे, खुशाल कोसरे, दिवाकर हलमारे, राजू पुडके, नवनीत वनवे, सुशील बोपचे, संजय आगाशे सहित ग्रामजयंती महोत्सव समिति के पदाधिकारी उपस्थित थे। गुरुदेव सेवा मंडल की ओर से सभी अतिथियों का पारंपरिक पद्धति से भव्य स्वागत किया गया।
समारोह के दौरान प्रदीप पडोले के हाथों स्थानीय और आसपास के क्षेत्र से आए विभिन्न भजन मंडलों का विशेष सम्मान किया गया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि भजन केवल एक कला नहीं बल्कि ईश्वर से जुड़ने का माध्यम है और ग्रामीण संस्कृति को सहेजने में इन मंडलों की भूमिका सराहनीय है। उन्होंने उपस्थित जनसमूह से राष्ट्रसंत की ग्रामगीता के विचारों को आचरण में लाकर आदर्श ग्राम निर्माण करने का आह्वान किया।
सम्बंधित ख़बरें
यवतमाल: MLA बालासाहेब मांगुलकर ने ली खरीफ सीजन पूर्व समीक्षा बैठक, अधिकारियों को दिए कड़े निर्देश
Wardha: परसोडा में राष्ट्रसंत तुकडोजी महाराज जन्मोत्सव की धूम, उमड़ा भक्तों का जनसैलाब
मुंबई के पाली हिल में L&T को बड़ा झटका: AM नाइक के 20 साल पुराने बंगले पर सुप्रीम कोर्ट ने सुनाया आखिरी फैसला
WhatsApp पर स्टेटस लगाकर दो दोस्तों ने खत्म कर ली जीवनलीला, संभाजीनगर के पैठण में दिल दहला देने वाला मामला
यह भी पढ़ें:- साकोली में बुद्ध पूर्णिमा पर सप्ताह भर कार्यक्रमों की धूम; नाना पटोले करेंगे उद्घाटन, कव्वाली से होगा प्रबोधन
सामाजिक एकता का दिया संदेशमहोत्सव का मुख्य आकर्षण गोपालकाला रहा, जिसमें राष्ट्रसंत की शिक्षा के अनुरूप सभी जातिधर्म के नागरिकों ने एकजूट होकर महाप्रसाद ग्रहण किया। गुरुदेव सेवा मंडल के व्यवस्थित नियोजन के कारण पूरे आयोजन में आध्यात्मिक अनुशासन दिखाई दिया।
इस महोत्सव ने न केवल धार्मिक बल्कि सामाजिक एकता का संदेश भी दिया। समिति के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के अथक परिश्रम से सफल हुए इस आयोजन में गुरुदेव भक्तों ने राष्ट्रसंत के व्यसनमुक्ति और स्वच्छता के विचारों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।
