छत्रपति संभाजीनगर में साइबर धोखाधड़ी: फर्जी लाइसेंस दिखाकर जीता भरोसा, चिकलथाना की गृहिणी से हड़पे 22 रूपए लाख
Telegram Investment Scam: संभाजीनगर में यूएस शेयर बाजार में 30% मुनाफे का झांसा देकर साइबर ठगों ने एक गृहिणी से 22.05 लाख रुपये ठग लिए। आरोपी ने खुद को सीए बताकर टेलीग्राम के जरिए फर्जी दस्तावेज भेजे।
- Written By: अंकिता पटेल
प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स: एआई फोटो)
Chhatrapati Sambhajinagar US Stock Investment Fraud: छत्रपति संभाजीनगरअमेरिका (यूएस) के शेयर बाजार में 1 माह के भीतर 30% मुनाफे का लालच देकर साइबर ठगों ने चिकलथाना क्षेत्र की एक गृहिणी से 22 लाख 5,507 रुपये की ऑनलाइन ठगी की। खुद को बदमाशों ने चार्टर्ड अकाउंटेंट (सीए) बताकर फर्जी दस्तावेज भेजे व निवेशकों का विश्वास जीतने के लिए टेलीग्राम पर अलग ग्रुप बनाकर इस धोखाधड़ी को अंजाम देने की घटना 13 से 30 जून 2026 के बीच हुई।
साइबर ठगों के खिलाफ एमआईडीसी सिडको पुलिस थाने में केस दर्ज किया गया है। सावित्री नगर निवासी मनीषा आरके (34) के पति स्वास्थ्य विभाग में प्रोजेक्ट ऑफिसर हैं। परिवार की बचत, बैंक ऋण व सोना गिरवी रखकर प्राप्त राशि उनके बैंक खातों में जमा थी। 13 जून को मनीषा के टेलीग्राम पर ‘सीए प्रतीक’ नाम के अकाउंट से संदेश आने के बाद उन्होंने पहले अनदेखी की।
15 जून को यूएस शेयर बाजार में निवेश कर एक माह में 30 % मुनाफा मिलने का दावा किया गया। निवेश की इच्छा जताने पर उन्हें एक टेलीग्राम ग्रुप में जोड़ दिया गया। संदेह जताने पर आरोपी ने खुद को चार्टर्ड अकाउंटेंट बताते हुए फर्जी प्रमाणपत्र, शेयर बाजार से जुड़े कथित लाइसेंस व अन्य भरोसा जीता।
सम्बंधित ख़बरें
झूठ बोलकर नहीं मांग सकते गुजारा भत्ता! HC ने कहा-अदालत से सच छिपाने वालों को राहत नहीं
FDA की बड़ी कार्रवाई: पुणे समेत पश्चिम महाराष्ट्र के 10 होटल, डेयरी और बेकरी के लाइसेंस निलंबित
FASTag रिचार्ज बना साइबर ठगी का जाल, यवतमाल की महिला शिक्षिका से 5.99 लाख की धोखाधड़ी
भाई की मौत के एक महीने बाद भी पुलिस के हाथ खाली, केतन अग्रवाल की बहन ने पूछा- कब मिलेगा न्याय?
49 ट्रांजैक्शन में 22.05 लाख रुपए कराए जमा
इसके बाद महिला को ‘अर्न मनी’ नामक टेलीग्राम ग्रुप में शामिल किया गया, जहां मुनाफे के स्क्रीनशॉट व निवेशकों की सकारात्मक प्रतिक्रियाएं साझा की जा रही थीं। इससे प्रभावित होकर उन्होंने ठग की ओर से भेजे गए लिंक के जरिए फोनपे व मोबाइल बैंकिंग से 16 से 29 जून के बीच कुल 49 अलग-अलग ट्रांजैक्शन में 22 लाख 5,507 रुपये विभिन्न बैंक खातों में जमा किए गए।
यह भी पढ़ें:-19 जुलाई का इतिहास : आज ही के दिन बदली थी भारत की बैंकिंग व्यवस्था, 14 बैंक हुए थे सरकारी
झांसे में आकर गंवा दी पूरे जीवन की कमाई
घर बनाने पैसों की जरूरत पड़ने पर महिला ने 30 जून को निवेश राशि व मुनाफा मांगने पर ठग टालमटोल करने लगे। टेलीग्राम ग्रुप व निजी चैट के सभी संदेश डिलीट करने पर ठगी के एहसास के बाद उन्होंने राष्ट्रीय साइबर अपराध शिकायत पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई। इस बीच, पुलिस ने नागरिकों से ऐसे किसी भी निवेश प्रस्ताव पर भरोसा करने से पहले उसकी पूरी तरह जांच-पड़ताल करने की अपील की है।
