बच्चू कडू के आंदोलन के बाद एक्शन में सरकार, मेलघाट संघर्ष यात्रा के बाद शिंदे ने आंदोलनकारियों को दिया आश्वासन
Bacchu Kadu Protest: मेलघाट संघर्ष यात्रा के बाद उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और मंत्री उदय सामंत ने स्वास्थ्य, पानी आपूर्ति और अन्य बुनियादी समस्याओं के समाधान के लिए जल्द बैठक बुलाने का आश्वासन दिया है
- Written By: आंचल लोखंडे
Melghat Sangharsh Yatra (सोर्सः सोशल मीडिया)
Melghat Sangharsh Yatra: मेलघाट संघर्ष यात्रा के दौरान सामने आई क्षेत्रीय समस्याओं-जैसे स्वास्थ्य सुविधाएं, पानी की आपूर्ति और अन्य बुनियादी सुविधाओं-को लेकर राज्य सरकार ने जल्द समाधान निकालने का आश्वासन दिया है। सरकार ने इन समस्याओं के निराकरण के लिए त्वरित कदम उठाने की योजना बनाई है।
इस संदर्भ में उद्योग मंत्री उदय सामंत और स्वास्थ्य मंत्री प्रकाश आबिटकर ने बताया कि आगामी आठ दिनों के भीतर एक बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें इन मुद्दों पर चर्चा कर समाधान निकाला जाएगा। वहीं उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने भी दूरभाष के माध्यम से आंदोलनकारियों से संवाद करते हुए सरकार की ओर से हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया।
मेलघाट की समस्याओं का होगा समाधान
बच्चू कडू के नेतृत्व में आयोजित मेलघाट संघर्ष यात्रा का समापन सोमवार को चिखलदरा में हुआ। इस यात्रा के दौरान मेलघाट क्षेत्र की कई समस्याएं सामने आईं, जिनमें प्रमुख रूप से स्वास्थ्य सुविधाओं की कमी, पानी की आपूर्ति, सिडको, स्काईवॉक और अन्य विकास कार्यों में देरी जैसे मुद्दे शामिल हैं। इस दौरान उद्योग मंत्री उदय सामंत और स्वास्थ्य मंत्री प्रकाश आबिटकर ने चिखलदरा तथा मेलघाट क्षेत्र का दौरा कर स्थानीय नागरिकों से इन समस्याओं के बारे में जानकारी भी ली।
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जो ठान लिया वो कर के दिखाया ! pic.twitter.com/Zi6M3uVjNX — BACCHU KADU (@RealBacchuKadu) March 9, 2026
कर्जमुक्ति आंदोलन का असर
उद्योग मंत्री उदय सामंत ने कहा कि मेलघाट में 2 लाख रुपये तक की कर्जमुक्ति का निर्णय बच्चू कडू के आंदोलन के कारण ही लिया गया। उन्होंने बताया कि उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने इस मामले में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से चर्चा की थी। इसके बाद 30 जून तक रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद इस मुद्दे पर निर्णय लिया गया, जिससे क्षेत्र के किसानों को राहत मिली। उन्होंने कहा कि सरकार आदिवासी समुदाय के मुद्दों को गंभीरता से ले रही है और भविष्य में आदिवासियों को अपनी समस्याओं के लिए आंदोलन करने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।
सिडको और स्काईवॉक जैसे मुद्दों पर होगी विस्तृत चर्चा
समापन कार्यक्रम के दौरान उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने दूरभाष के माध्यम से आंदोलनकारियों से बातचीत की। उन्होंने कहा, “मैं मेलघाट की समस्याओं से पूरी तरह अवगत हूं। हमारी सरकार इन मुद्दों के समाधान के लिए गंभीर है।”
उन्होंने बताया कि जल्द ही एक विशेष बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें स्वास्थ्य, पानी आपूर्ति, सिडको, स्काईवॉक और अन्य बुनियादी सुविधाओं से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा होगी। यदि किसी प्रकार की नीतिगत बाधाएं आती हैं, तो मुख्यमंत्री से भी मार्गदर्शन लिया जाएगा।
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स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने की योजना
स्वास्थ्य मंत्री प्रकाश आबिटकर ने चुरणी स्थित उपजिला अस्पताल को लेकर महत्वपूर्ण घोषणा की। उन्होंने कहा कि अस्पताल में 30 बिस्तरों की क्षमता को बढ़ाकर 50 बिस्तर करने के प्रस्ताव पर जल्द बैठक की जाएगी। इसके अलावा अस्पताल में कार्यरत अधिकारियों और कर्मचारियों को बेहतर सुविधाएं देने के लिए अलग से बजट उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने सिकल सेल मुक्त अभियान भी शुरू किया है और नागरिकों से इसमें सहयोग करने की अपील की है।
आंदोलन के दौरान उठे कई मुद्दे
मेलघाट संघर्ष यात्रा के दौरान बच्चू कडू और अन्य आंदोलनकारियों ने चिखलदरा और मेलघाट क्षेत्र की कई समस्याएं उठाईं। इनमें स्वास्थ्य सेवाओं की कमी, पानी की आपूर्ति, शिक्षा, रोजगार और अन्य बुनियादी सुविधाओं का अभाव प्रमुख रूप से शामिल था।
इसके साथ ही विकास कार्यों में देरी और सरकारी योजनाओं के सही क्रियान्वयन पर भी सवाल उठाए गए। इस यात्रा के माध्यम से इन समस्याओं को सरकार के सामने रखा गया और अब सरकार ने इनके समाधान के लिए ठोस कदम उठाने का आश्वासन दिया है। उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने भरोसा दिलाया कि इन समस्याओं का जल्द समाधान निकाला जाएगा और भविष्य में इस तरह की परिस्थितियां पैदा नहीं होने दी जाएंगी।
