24,000 किसानों के खातों में जमा हुआ अनुदान, तहसील में लगभग 33,000 किसान अनुदान के लिए पात्र
Kharif Fasal Nuksan: अमरावती में खरीफ फसल नुकसान के अनुदान का वितरण जारी। 33 हजार में से 73% किसानों को राशि मिली, 4 हजार खातों में तकनीकी अड़चनें। डीबीटी प्रणाली जल्द सुधरेगी।
- Written By: प्रिया जैस
किसान (सौजन्य-IANS, कंसेप्ट फोटो)
Amravati News: इस वर्ष खरीफ सीजन में अतिवृष्टि और लगातार बारिश के कारण हुए फसल नुकसान की भरपाई के लिए सरकार ने किसानों को हेक्टेयरी आर्थिक अनुदान देने की घोषणा की है। तहसील में लगभग 33 हजार किसान अनुदान के लिए पात्र ठहराए गए हैं। इनमें से 24 हजार किसानों के बैंक खातों में 27 नवंबर तक अनुदान राशि जमा कर दी गई है।
अन्य 9 हजार किसानों की अनुदान जमा करने की प्रक्रिया जारी है। इनमें से 5 हजार किसानों के खातों में अनुदान जमा करने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। जबकि 4 हजार किसानों के बैंक खाते संयुक्त खाते या अन्य तकनीकी कारणों से फॉल्टी पाए गए हैं।
किसानों से आवश्यक दस्तावेज मांगे
इन किसानों से आवश्यक दस्तावेज और पटवारी रिपोर्ट मांगकर सुधार प्रक्रिया की जा रही है। संशोधित प्रस्तावित सूची सरकार को भेजने का काम शुरु है। प्रशासन का कहना है कि दो सप्ताह में पूरी प्रक्रिया पूर्ण होगी, और उसके बाद इन किसानों को भी अनुदान मिलना शुरू हो जाएगा।
सम्बंधित ख़बरें
Mumbai BMC E-TDR System: मुंबई में TDR प्रक्रिया डिजिटल, नई ई-टीडीआर प्रणाली से बढ़ेगी पारदर्शिता
Mumbai BMC Fake Birth Certificates: बीएमसी में बड़ा फर्जीवाड़ा उजागर, अवैध प्रमाणपत्र पर मेयर सख्त
पुरंदर एयरपोर्ट परियोजना को रफ्तार, किसानों को मिलेगा 1.61 करोड़ प्रति एकड़ मुआवजा
Thane Water Supply Cut: ठाणे में 24 घंटे पानी सप्लाई बंद, कलवा-मुंब्रा-दिवा में बढ़ेगी किल्लत
डीबीटी प्रणाली के कारण विलंब
फिलहाल शासन की डीबीटी प्रणाली में तकनीकी अड़चनों के कारण अनुदान जमा होने में विलंब हो रहा है। 10 नवंबर से डीबीटी प्रक्रिया कुछ दिनों तक बंद थी। अब प्रणाली चालू है, लेकिन धीमी गति से काम कर रही है, ऐसी जानकारी प्रशासन ने दी है।
यह भी पढ़ें – हाई कोर्ट ने मतगणना पर लगाई रोक तो भड़के सीएम फडणवीस, बोले- ये तरीका सही नहीं, सुधार की जरूरत
73 प्रश के खातों में जमा हुआ अनुदान
वर्तमान में तहसील के 73% किसानों के खातों में अनुदान जमा हो चुका है। डीबीटी प्रणाली जल्द ही पूरी तरह सामान्य होगी, उसके बाद शेष किसानों के खातों में भी अनुदान जमा होने की प्रक्रिया तेजी से शुरू हो जाएगी।
– सोनल सूर्यवंशी, तहसीलदार, चांदूर बाजार
