Akola News: शराबी पति की फावड़े से हत्या, पत्नी और नाबालिग बेटे ने मिलकर रचा हादसे का नाटक
शराब की लत के कारण लगातार घर में होने वाले झगड़ों और अत्याचार से तंग आकर एक महिला और उसके नाबालिग बेटे ने मिलकर पति की हत्या कर दी। घटना को दुर्घटना का रूप देने की कोशिश की गई थी।
- Written By: आंचल लोखंडे
शराबी पति की फावड़े से हत्या। (सौजन्यः सोशल मीडिया)
अकोला: शराब की लत के कारण लगातार घर में होने वाले झगड़ों और अत्याचार से तंग आकर एक महिला और उसके नाबालिग बेटे ने मिलकर पति की हत्या कर दी। घटना को दुर्घटना का रूप देने की कोशिश की गई थी, लेकिन पुलिस की 26 दिन की गहन जांच के बाद हत्या का खुलासा हो गया।
यह मामला शहर में सनसनी का कारण बना है। मृतक की पहचान रमेश सातरोटे (52) के रूप में हुई है, जबकि आरोपी पत्नी का नाम शिला रमेश सातरोटे (42) है। उनका बेटा नाबालिग है और उसे बाल सुधारगृह भेज दिया गया है।
दुर्घटना का बनाया था बहाना
घटना के तुरंत बाद पत्नी शिला ने पुलिस को बताया कि रमेश शराब के नशे में गिर पड़े थे, जिससे उनकी मौत हो गई। लेकिन उसने शव का पोस्टमार्टम कराने से इनकार किया, जिससे परिवार और पड़ोसियों को शक हुआ। इसके बाद जुने शहर पुलिस ने जांच की दिशा बदली और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गंभीर चोटें सामने आईं, जिससे हत्या की पुष्टि हुई।
सम्बंधित ख़बरें
20 लाख के लोन के लिए बेटे ने जिंदा पिता को कागजों में मरा दिखाया, खुद के अंतिम संस्कार की भी बनवाई फर्जी रसीद
उज्जैन: जमीन विवाद ने लिया खूनी संघर्ष का रूप, लोहे के एंगल से हमला कर 2 लोगों को किया गंभीर घायल
अकोला जिला कारागृह में दो विचाराधीन कैदियों की लगातार मौत से मची खलबली, जेल की स्वास्थ्य व्यवस्था पर उठे सवाल
अकोला की श्री गजानन पतसंस्था में 8.97 करोड़ की गड़बड़ी, अध्यक्ष और CEO गिरफ्तार
हत्या के पीछे घरेलू हिंसा और मानसिक प्रताड़ना
पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि घटना वाले दिन रमेश शराब पीकर घर लौटे और पत्नी के साथ मारपीट करने लगे। इस दौरान नाबालिग बेटे ने गुस्से में आकर पास में रखा फावड़ा (बेलचा) उठाकर पिता के सिर पर वार किया। शिला ने भी पिटाई में उसका साथ दिया। गंभीर रूप से घायल रमेश की मौके पर ही मौत हो गई।
मेडिकल रिपोर्ट से हुआ भंडाफोड़
जांच में पुलिस ने तकनीकी साक्ष्य, गोपनीय सूचना और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आरोपियों से सख्ती से पूछताछ की, जिसके बाद उन्होंने अपना अपराध कबूल कर लिया। नाबालिग बेटे को बाल सुधारगृह में भेजा गया है, जबकि शिला सातरोटे को न्यायालय में पेश किया गया।
