गैस सिलेंडर की कमी से नागरिक त्रस्तलक्ष्य पूरा नहीं, लंबी कतारें और कालाबाजारी जारी
अकोला में गैस सिलेंडर की कमी से नागरिकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लंबी कतारें, कालाबाजारी और विवाह समारोहों में कठिनाइयाँ बढ़ गई हैं।
Akola News: इरानइजराइलअमेरिका युद्ध की तीव्रता कुछ कम हुई है, लेकिन जिले में व्यावसायिक और घरेलू गैस सिलेंडर की कमी अब भी बरकरार है. सरकारी विभागों की ओर से पर्याप्त आपूर्ति होने का दावा किया जा रहा है, परंतु वास्तविकता यह है कि नागरिकों को तपती धूप में सिलेंडर के लिए घंटों कतार में खड़ा रहना पड़ रहा है. शहर में रोजाना एजेंसियों के बाहर महिलाओं और पुरुषों की लंबी कतारें दिखाई देती हैं.
मोबाइल पर बुकिंग की सुविधा उपलब्ध है, लेकिन रसीद लेकर सिलेंडर लेने के लिए नागरिकों को एजेंसी के बाहर खड़े रहना पड़ता है. नागरिकों की परेशानी आखाती देशों में चल रहे युद्ध का असर कई क्षेत्रों पर पड़ा है. पेट्रोल, डीज़ल, सीएनजी के साथ घरेलू गैस सिलेंडर की कमी ने नागरिकों की सहनशीलता की परीक्षा ली है.
कई जगहों पर सिलेंडर की कालाबाजारी भी बढ़ गई है. घरेलू गैस सिलेंडर का व्यावसायिक उपयोग कानूनन प्रतिबंधित है, फिर भी होटलों, ढाबों, चाय की दूकानों और कैटरिंग सेवाओं में इसका दुरुपयोग जारी है. विवाह समारोहों से बढ़ी कठिनाई वर्तमान में विवाह समारोहों का मौसम है.
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अनेक तिथियों पर बड़े आयोजन हो रहे हैं. ऐसे में नागरिकों को सिलेंडर प्राप्त करना और भी कठिन हो गया है. कैटरिंग व्यवसायियों को ऑर्डर पूरा करने में भारी परेशानी हो रही है. पहले विवाह समारोहों में हॉल और सभागृह की बुकिंग के लिए दौड़भाग होती थी, अब गैस सिलेंडर के लिए भागदौड़ हो रही है.
कुछ लोग अतिरिक्त पैसे देकर सिलेंडर प्राप्त कर रहे हैं. जिले की स्थिति जिले में कुल 34 गैस एजेंसियां कार्यरत हैं. नियमित ग्राहकों की संख्या 3,98,349 है, जबकि उज्ज्वला योजना के अंतर्गत 1,38,363 लाभार्थी पंजीकृत हैं. इतनी बड़ी संख्या में ग्राहकों के बावजूद सिलेंडर की उपलब्धता सीमित है. परिणाम स्वरूप नागरिकों को रोजाना एजेंसियों के बाहर लंबी कतारों में खड़ा रहना पड़ रहा है.
