अकोला मनपा में स्थायी समिति और स्वीकृत सदस्य चयन पर सबकी नजर, विरोधी पक्षनेता पद पर सियासी मंथन तेज
Akola Nagar Nigam News: अकोला महानगरपालिका चुनाव के बाद स्थायी समिति गठन और विरोधी पक्षनेता पद को लेकर राजनीतिक हलचल तेज। भाजपा और कांग्रेस में बैठकों का दौर, समर्थन जुटाने की कोशिशें जारी।
- Written By: रूपम सिंह
अकोला महानगरपालिका चुनाव तस्वीर ( सोर्स: सोशल मीडिया )
Akola Municipal Corporation News: अकोला महानगरपालिका के आम चुनाव का परिणाम 16 जनवरी को घोषित होने के बाद पद वितरण और विभिन्न समितियों की रचना को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। सूत्रों के अनुसार आगामी सप्ताह में में विशेष विशेष सभा आयोजित होने की संभावना है, जिसमें स्थायी समिति की रचना निश्चित की जाएगी। मनपा के कामकाज में विरोधी पक्षनेता की भूमिका अत्यंत महत्त्वपूर्ण मानी जाती है।
सत्ताधारी पक्ष के निर्णयों पर नजर रखना, प्रशासन की कार्यप्रणाली पर प्रश्न उठाना और नागरिकों की समस्याओं को सभागृह में उठाना यह जिम्मेदारी विरोधी पक्षनेता पर होती है। इसी पृष्ठभूमि में कांग्रेस पक्ष से विरोधी पक्षनेता पद के लिए किसकी नियुक्ति होगी, इस पर ध्यान केंद्रित है। इसके लिए विभिन्न दलों में बैठकें, चर्चा और वरिष्ठ नेताओं से समन्वय जारी है।
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सदस्य नियुक्ति पर सबकी नजर
30 जनवरी को अकोला मनपा के महापौर और उपमहापौर पद के लिए चुनाव हुआ था। अब मनपा की सबसे महत्त्वपूर्ण मानी जाने वाली 16 सदस्यीय स्थायी समिति और 8 स्वीकृत सदस्य की नियुक्ति पर सबकी नजर है। स्थायी समिति को मनपा की तिजोरी की चाबी माना जाता है, क्योंकि बजट, विकास कार्य, निधि वितरण और महत्त्वपूर्ण नीतिगत निर्णय इसी समिति के माध्यम से लिए जाते हैं।
जानकारी के अनुसार इस समिति के सभापति पद के लिए भाजपा ने नाम भी तय कर लिया है।समर्थन जुटाने की कोशिशें जारी विभिन्न विषय समितियों में स्थान पाने के लिए अलग-अलग दलों में बड़े पैमाने पर गतिविधियां चल रही हैं। इच्छुक सदस्य वरिष्ठ नेताओं से संपर्क कर रहे हैं, चर्चा कर रहे हैं और समर्थन जुटाने की कोशिशें कर रहे हैं।
