अकोला: पुरानी पेंशन और रिक्त पदों की पूर्ति के लिए सरकारी कर्मचारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल, कामकाज प्रभावित
Akola Collector Office News: अकोला में पुरानी पेंशन और अन्य मांगों को लेकर सरकारी कर्मचारियों की हड़ताल शुरू। राजस्व विभाग सहित अन्य सेवाएं प्रभावित; जिलाधिकारी के हस्तक्षेप से हुआ विवाह पंजीयन।
Akola Strike Government Employees: अकोला में संशोधित सेवानिवृत्ति वेतन योजना लागू करने, रिक्त पदों की पूर्ति, अनुकंपा नियुक्ति और सेवानिवृत्ति आयु बढ़ाने जैसी मांगों को लेकर मंगलवार से सरकारी कर्मचारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए। हड़ताल का आह्वान सरकारीअर्धसरकारी, शिक्षकशिक्षकेतर कर्मचारी समन्वय समिति ने किया है।
बड़ी संख्या में कर्मचारी इसमें शामिल हुए, विशेषकर राजस्व विभाग के कर्मचारी। यदि हड़ताल लंबे समय तक जारी रही तो नागरिकों के दैनिक शासकीय कार्यों पर सीधा असर पड़ने की संभावना है। शासन ने परिपत्र जारी कर काम नहीं तो वेतन नहीं नीति लागू करने की घोषणा की है।
पुरानी पेंशन योजना लागू करने का मुद्दा फिर से सामने आया है। समिति ने मांग की है कि प्रतीक्षा सूची में शामिल सभी पात्र उम्मीदवारों को अनुकंपा आधार पर नियुक्ति मिले। देश के 26 राज्यों में सेवानिवृत्ति आयु 60 वर्ष है, तो महाराष्ट्र में यह क्यों नहीं, ऐसा सवाल भी उठाया गया।
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हड़ताल में संगठन के राजेंद्र नेरकर, वैजनाथ कोरकने, उमेश ढवले आदि शामिल हुए। कर्मचारियों ने जिलाधिकारी कार्यालय के सामने मंडप डालकर मांगों के समर्थन में नारे लगाए। नजर आई मानवबल की कमी रिक्त पदों की भर्ती प्रक्रिया अटकी हुई है।
कम मनुष्यबल से शासन चलाने के प्रयास में कर्मचारियों पर अतिरिक्त कार्यभार आ रहा है। पदोन्नति और अन्य सेवा लाभों से वरिष्ठ कर्मचारी वंचित हैं। हजारों संविदा कर्मचारी 1010 वर्षों से लगातार काम कर रहे हैं, जिनका आर्थिक शोषण हो रहा है।
उनकी सेवाओं को नियमित करने की मांग की गई है। बाक्स हड़ताल से अलग संगठन महाराष्ट्र राज्य पुरानी पेंशन संगठन हड़ताल में शामिल नहीं हुई। उनका कहना है कि 1982 की पुरानी पेंशन योजना लागू करने की मांग इसमें नहीं है।
महाराष्ट्र राज्य जिला परिषद कर्मचारी यूनियन भी हड़ताल से अलग रही। प्रशासन के साथ सकारात्मक चर्चा में पदोन्नति स्तर, वेतन खामी, पदभरती और स्वास्थ्य कर्मचारियों के विषयों पर विचार हुआ।
पाइंटर विवाह पंजीयन में परेशानी हड़ताल के कारण विवाह पंजीयन के लिए आए दंपति को परेशानी झेलनी पड़ी। सोलापुर जिले के बार्शी निवासी रविकांत लांडे और अकोला निवासी हर्षदा घाटोले का विवाह तय हुआ था।
21 अप्रैल को पंजीयन की तारीख दी गई थी, लेकिन कर्मचारी हड़ताल पर होने से पंजीयन नहीं हो सकी। बाद में जिलाधिकारी वर्षा मीणा के हस्तक्षेप से पंजीयन पूरी हुई।
