Lightning Death Farmer (सोर्सः सोशल मीडिया)
Ahilyanagar Unseasonal Rain: बेमौसम बारिश और तेज़ हवाओं ने राहाता तालुका के सोनगांव (वै.) इलाके में भारी तबाही मचाई। इस प्राकृतिक आपदा ने दो अलग-अलग जगहों पर दर्दनाक घटनाएं घटित हुई। एक ओर जहां बिजली गिरने से एक किसान की मौत हो गई, वहीं दूसरी ओर टूटे बिजली तार के कारण नौ गायों की मौत हो गई, जिससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा। इस दोहरी त्रासदी से पूरे इलाके में शोक और डर का माहौल है।
लोनी खुर्द के मपरवाड़ी क्षेत्र में रहने वाले किसान सोमनाथ जीजाबापू गाडगे की बिजली गिरने से मौत हो गई। यह घटना सोमवार देर शाम की बताई जा रही है। जानकारी के अनुसार, गाडगे ने गांव से लगभग एक किलोमीटर दूर खेत में प्याज की फसल लगाई थी। दिनभर खेत में महिला मजदूरों द्वारा प्याज की कटाई का काम चल रहा था।
शाम होते-होते अचानक मौसम बदला और तेज़ बादल छा गए। महिला मजदूर बारिश से बचने के लिए प्लास्टिक के शेड के नीचे चली गईं। इसी दौरान खेत में खड़े सोमनाथ गाडगे पर अचानक बिजली गिर गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बिजली गिरते ही तेज़ धमाका हुआ और उनके शरीर में आग की लपटें उठने लगीं। मौके पर ही उनकी मौत हो गई।
घटना के बाद ग्रामीणों ने उन्हें तुरंत प्रवरा ग्रामीण अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। सोमनाथ गाडगे के परिवार में उनकी पत्नी, एक बेटा, तीन बेटियां और उनकी मां हैं। इसी दिन देर रात पाथरी बुद्रुक में एक और दुखद घटना घटी। बेमौसम बारिश और तेज़ हवाओं के कारण बिजली का तार टूटकर सीधे एक गौशाला पर गिर गया। इस हादसे में नौ गायों की मौके पर ही मौत हो गई। यह घटना किसान संजय भास्कर घोलप और सोपान लक्ष्मण घोलप की गौशाला में हुई।
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तेज़ आवाज़ सुनकर ग्रामीण गौशाला की ओर दौड़े, लेकिन तब तक सभी गायों की मौत हो चुकी थी। इस हादसे में किसान संजय घोलप को लगभग नौ लाख रुपये का आर्थिक नुकसान हुआ है। महाराष्ट्र राज्य वीज वितरण कंपनी मर्यादित और राजस्व विभाग के अधिकारी घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर पहुंचे और पंचनामा किया।
राहाता तालुका में हुई इन दोनों घटनाओं ने बेमौसम बारिश के खतरे को एक बार फिर उजागर कर दिया है। फसलों के नुकसान के साथ-साथ जान का नुकसान होने से किसानों में डर का माहौल है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से पीड़ित परिवारों को तुरंत आर्थिक सहायता देने की मांग की है।