रायसेन से उज्बेकिस्तान तक 3000 KM का सफर! MP के ‘योद्धा’ गिद्ध ने सरहदों के पार रचा नया इतिहास
MP News: MP के गिद्ध ने रचा इतिहास हलाली डैम से उड़ान भरकर पहुँचा उज्बेकिस्तान सीएम द्वारा मुक्त किए गए गिद्ध ने 3000 किमी का सफर तय कर दुनिया को चौंकाया।
- Written By: सजल रघुवंशी
गिद्ध ने तय किया 3 हजार किलोमीटर का सफर (सोर्स- सोशल मीडिया)
Vulture Conservation Madhya Pradesh: मध्य प्रदेश अब गिद्ध संरक्षण के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर अपनी अलग पहचान बना रहा है। हाल ही में प्रदेश से जुड़े एक सिनेरियस गिद्ध की लंबी और अनोखी उड़ान ने वन्यजीव संरक्षण प्रयासों को अंतरराष्ट्रीय चर्चा में ला दिया है।
रायसेन जिले के हलाली डैम क्षेत्र से उड़ान भरने वाले इस गिद्ध ने तीन हजार किलोमीटर से अधिक की दूरी तय करते हुए उज्बेकिस्तान तक का सफर पूरा किया। वन्यजीव विशेषज्ञ इसे गिद्ध संरक्षण और उनके प्रवास अध्ययन के लिहाज से बड़ी उपलब्धि मान रहे हैं।
कुछ समय पहले घायल हुआ था गिद्ध
गौरतलब है कि, यह गिद्ध कुछ समय पहले घायल हालत में मिला था, जिसके बाद वन विभाग और विशेषज्ञों की देखरेख में उसका इलाज शुरू किया गया। लंबे समय तक उपचार और खास निगरानी के बाद जब वह पूरी तरह स्वस्थ हो गया, तब उसे फिर से प्राकृतिक वातावरण में छोड़ने की प्रक्रिया शुरू की गई। वन अधिकारियों के अनुसार, गिद्ध की रिकवरी बेहद संतोषजनक रही और धीरे-धीरे उसने सामान्य गतिविधियां भी शुरू कर दी थीं।
सम्बंधित ख़बरें
MP News: NHAI करेगा इस हाईवे को अपग्रेड, 4 लेन से होगा 6 लेन; इन शहरों को मिलेगा फायदा
बाबा महाकाल के द्वार पहुंचे ‘धुरंधर’ के ‘मेजर इकबाल’, शिवभक्ती में दिखे लीन; इशिता विश्वकर्मा ने भी किए दर्शन
MP Weather Update: बारिश के बाद ‘लू’ का अलर्ट; 12 मई से तपेगा मध्य प्रदेश और 4 डिग्री तक बढ़ेगा पारा
Bhopal News: MBBS छात्रा के बाद अब मकान मालिक ने की आत्महत्या; पत्नी ने पुलिस और परिजनों पर लगाए गंभीर आरोप
हलाली क्षेत्र में सक्रीय था गिद्ध
23 फरवरी 2026 को मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने इस गिद्ध को रायसेन जिले के हलाली डैम स्थित उसके प्राकृतिक आवास में मुक्त किया था। खुले वातावरण में छोड़े जाने के बाद यह गिद्ध करीब एक महीने तक हलाली क्षेत्र में ही सक्रिय रहा। इस दौरान उसने प्राकृतिक परिस्थितियों के अनुरूप खुद को ढालने की कोशिश की और धीरे-धीरे लंबी उड़ानों के लिए तैयार होता नजर आया।
यह भी पढ़ें: MP Ladli Behna Scheme 2026: लाड़ली बहनो के लिए खुशखबरी , इस दिनCM मोहन यादव बहनो के खाते में डालेंगे पैसा
गतिविधियों पर नजर रखने के लिए लगाया गया था जीपीएस
गिद्ध की गतिविधियों पर लगातार नजर रखने के लिए उसमें जीपीएस ट्रैकिंग सिस्टम लगाया गया था। ट्रैकिंग डेटा के मुताबिक, इस गिद्ध ने 10 अप्रैल को हलाली डैम से उड़ान भरी और राजस्थान, पाकिस्तान व अफगानिस्तान होते हुए 4 मई को उज्बेकिस्तान पहुंच गया। इस दौरान उसने 3 हजार किलोमीटर से ज्यादा की दूरी तय की। वन विभाग के अधिकारियों का मानना है कि यह लंबी यात्रा मध्य प्रदेश में गिद्ध संरक्षण और पुनर्वास प्रयासों की बड़ी सफलता को दर्शाती है।
