

Madhya Pradesh Weather News: मध्य प्रदेश में अब आंधी, बारिश और ओलावृष्टि का दौर थमने वाला है, जबकि आने वाले दिनों में तेज गर्मी लोगों को परेशान कर सकती है। मौसम विभाग ने 12 मई से प्रदेश में लू चलने का अलर्ट जारी किया है। रविवार से ही तापमान में बढ़ोतरी के संकेत मिलने लगे हैं। भोपाल, इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर और जबलपुर समेत अधिकांश शहरों में दिन का तापमान 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ सकता है।
शनिवार को प्रदेश में ट्रफ लाइन और साइक्लोनिक सर्कुलेशन सक्रिय रहने के कारण कई जिलों में मौसम बदला हुआ नजर आया। कई जगह बादल छाए रहे और शाम के समय भोपाल, बैतूल, सिवनी, पांढुर्णा, डिंडौरी, अनूपपुर, रायसेन, गुना, विदिशा, राजगढ़, सागर, जबलपुर, दमोह, बालाघाट, मंडला, उमरिया, शहडोल और छिंदवाड़ा समेत कई इलाकों में बारिश और तेज आंधी देखने को मिली।
मध्य प्रदेश में 30 अप्रैल से मौसम का मिजाज बदला हुआ है। आंधी और बारिश का सिलसिला लगातार 9 मई तक जारी रहा। करीब 10 दिनों तक प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में कहीं बारिश तो कहीं तेज हवाओं का असर देखने को मिला। इस दौरान कभी पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय रहा, तो कभी चक्रवातीय परिसंचरण और ट्रफ लाइन का प्रभाव बना रहा। इन्हीं मौसम प्रणालियों के चलते मई के पहले सप्ताह में प्रदेशभर में बारिश का दौर जारी रहा।
मौसम विभाग के एक सीनियर वैज्ञानिक के अनुसार, आज यानी 10 मई से मध्यप्रदेश में मौसम साफ रहने की संभावना है। बारिश और आंधी की गतिविधियां थमने के बाद तापमान में तेजी से बढ़ोतरी होगी और गर्मी का असर बढ़ने लगेगा। मौसम विभाग ने 12 और 13 मई को प्रदेश के पश्चिमी हिस्सों के कुछ जिलों में लू चलने की चेतावनी भी जारी की है।
राजधानी भोपाल में मई के मौसम का मिजाज पिछले कई सालों से काफी उतार-चढ़ाव भरा रहा है। बीते 10 सालों के आंकड़ों पर नजर डालें तो इस महीने में जहां एक ओर भीषण गर्मी पड़ी, वहीं बारिश का सिलसिला भी लगातार बना रहा। वर्ष 2016 में शहर का तापमान 46.7 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था, जो अब तक का रिकॉर्ड माना जाता है।
दूसरी तरफ 2014 से 2023 तक हर साल मई महीने में बारिश दर्ज की गई। खासतौर पर 2021 और 2023 में 2 इंच से ज्यादा वर्षा हुई थी। इस बार भी मौसम विभाग ने मई में बारिश की संभावना जताई है।