नीमच के जावद में भारी तनाव; अस्पताल लोकार्पण में पहुंचे पूर्व मंत्री ओमप्रकाश सखलेचा को ग्रामीणों ने घेरा
Protest Against BJP MLA Neemuch: नीमच के जावद में अस्पताल लोकार्पण के दौरान पक्की सड़क न होने पर भड़के ग्रामीण; पूर्व मंत्री ओमप्रकाश सखलेचा का भारी विरोध, सुरक्षा घेरे में लौटे।
- Written By: सजल रघुवंशी
नीमच में भाजपा विधायक का विरोध (सोर्स- सोशल मीडिया)
Neemuch Javad Protest For Road: मध्य प्रदेश के नीमच जिले की जावद विधानसभा के बांगरेड गांव में रविवार को आयोजित एक सरकारी कार्यक्रम के दौरान उस समय माहौल तनावपूर्ण हो गया, जब क्षेत्रीय विधायक और पूर्व मंत्री ओमप्रकाश सखलेचा को ग्रामीणों के भारी विरोध का सामना करना पड़ा।
गांव में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के नए भवन के लोकार्पण कार्यक्रम में पहुंचे विधायक के सामने ग्रामीणों ने सड़क निर्माण का मुद्दा उठाते हुए जमकर नारेबाजी की। स्थिति इतनी बिगड़ गई कि कार्यक्रम बीच में ही रोकना पड़ा और विधायक को सुरक्षा घेरे में वहां से लौटना पड़ा।
अस्पताल भवन के लोकार्पण कार्यक्रम में पहुंची थी विधायक की टीम
जानकारी के अनुसार, बांगरेड गांव में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के नए भवन के लोकार्पण का कार्यक्रम आयोजित किया गया था। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में विधायक ओमप्रकाश सखलेचा शामिल होने पहुंचे थे। मंच पर पहुंचने के बाद उन्होंने क्षेत्र में हुए विकास कार्यों का उल्लेख करते हुए संबोधन शुरू किया, लेकिन इसी दौरान ग्रामीणों ने अस्पताल तक पहुंचने वाली सड़क का मुद्दा उठाना शुरू कर दिया।
सम्बंधित ख़बरें
छिंदवाड़ा में लव जिहाद की शिकार हुई युवती, पैसो और धर्म परिवर्तन के लिए बनाया दबाव; जानें पूरा मामला
बागेश्वर धाम का तीन दिवसीय श्रीलंका दौरा, पूर्व PM महिन्द राजपक्ष से की मुलाकात; युवाओं को दिया यह संदेश
ठाणे जिले के मीरा – भाईंदर में बनेगा महाराष्ट्र का पहला ‘पक्षीघर’ विधायक नरेंद्र मेहता ने किया भूमि पूजन
ग्वालियर में नवविवाहित दम्पत्ति ने की आत्महत्या; कमरे में फंदे से लटकते मिले शव 15 महीने पहले हुई थी शादी
अस्पताल भवन तक पहुंचने के लिए नहीं है पक्की सड़क
ग्रामीणों का कहना था कि अस्पताल भवन का निर्माण तो किया जा रहा है लेकिन वहां तक पहुंचने के लिए अब भी पक्की सड़क उपलब्ध नहीं है। बरसात के मौसम में कच्चा रास्ता कीचड़ से भर जाता है, जिससे मरीजों और ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है।
सड़क निर्माण की मांग को लेकर भड़के ग्रामीण
ग्रामीणों ने कार्यक्रम के दौरान ही सड़क निर्माण की मांग तेज कर दी। उनका आरोप था कि लंबे समय से इस मार्ग को पक्का बनाने की मांग शासन और प्रशासन के सामने रखी जा रही है, लेकिन अब तक केवल आश्वासन ही मिले हैं। ग्रामीणों ने कहा कि अस्पताल भवन से पहले वहां तक पहुंचने के लिए बेहतर सड़क व्यवस्था होना जरूरी है, ताकि मरीजों को समय पर इलाज मिल सके। विरोध बढ़ने के साथ ही ग्रामीणों ने नारेबाजी शुरू कर दी और मंच के आसपास बड़ी संख्या में एकत्र हो गए। इससे कार्यक्रम स्थल पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
नारेबाजी के बीच हुई धक्का-मुक्की
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, जब विधायक ने ग्रामीणों को शांत कराने और समझाने का प्रयास किया तो स्थिति और अधिक तनावपूर्ण हो गई। कुछ लोग मंच के काफी करीब पहुंच गए और नेताओं के साथ बहस करने लगे। माहौल बिगड़ता देख सुरक्षा कर्मियों ने विधायक को घेर लिया। इस दौरान भीड़ और सुरक्षाकर्मियों के बीच धक्का-मुक्की की स्थिति भी बन गई। सुरक्षा व्यवस्था संभालने में जुटे जवानों ने विधायक को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने का प्रयास किया, जबकि ग्रामीण लगातार अपनी मांगों को लेकर नारे लगाते रहे।
कार्यक्रम अधूरा छोड़कर लौटे विधायक, वीडियो वायरल
विवाद बढ़ने और स्थिति नियंत्रण से बाहर होती देख भारतीय जनता पार्टी विधायक ओमप्रकाश सखलेचा को कार्यक्रम बीच में ही छोड़कर वापस लौटना पड़ा। विरोध के चलते अस्पताल भवन से जुड़े प्रस्तावित कार्यक्रम की औपचारिकताएं भी पूरी नहीं हो सकीं। विधायक के काफिले के रवाना होने के दौरान भी ग्रामीण नारेबाजी करते रहे।
यह भी पढ़ें: छिंदवाड़ा में लव जिहाद की शिकार हुई युवती, पैसो और धर्म परिवर्तन के लिए बनाया दबाव; जानें पूरा मामला
घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वहीं, स्थानीय प्रशासन और पुलिस अधिकारियों ने पूरे घटनाक्रम की जानकारी जुटाना शुरू कर दिया है। सड़क निर्माण को लेकर ग्रामीणों की नाराजगी अब क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है।
