

Shaligram Garg Bail : बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के छोटे भाई शालिग्राम गर्ग को छतरपुर के चर्चित गोलीकांड मामले में हाईकोर्ट से जमानत मिल गई है। जबलपुर हाईकोर्ट ने उन्हें 50 हजार रुपये के निजी मुचलके पर राहत दी है। शालिग्राम गर्ग इस मामले में 15 जुलाई से जेल में बंद थे।
मामला छतरपुर जिले के राजनगर थाना क्षेत्र के कोड़ा गांव का है। 14 जुलाई को जमीन विवाद के दौरान किसान मोतीलाल कुशवाहा के घायल होने की घटना सामने आई थी। मोतीलाल ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि विवाद के दौरान शालिग्राम गर्ग ने उन पर गोली चलाई।
पुलिस के मुताबिक, घटना की सूचना दो पक्षों के बीच विवाद और फायरिंग के रूप में मिली थी। शुरुआती जांच में घायल किसान के शरीर में गोली लगने की बात सामने आई थी। इसके बाद पुलिस ने मामले में शालिग्राम गर्ग समेत चार लोगों को आरोपी बनाया। पुलिस ने शालिग्राम गर्ग और एक अन्य आरोपी अंकित मिश्रा को गिरफ्तार किया था, जबकि अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही थी।
जमानत याचिका पर सुनवाई के दौरान शालिग्राम गर्ग की ओर से बचाव पक्ष ने अदालत में अपनी दलील रखी। बचाव पक्ष का कहना था कि शालिग्राम को राजनीतिक रंजिश के चलते साजिश के तहत मामले में फंसाया गया है। वहीं अभियोजन पक्ष ने मामले की गंभीरता और जांच से जुड़े तथ्यों का हवाला देते हुए जमानत का विरोध किया।
जबलपुर हाईकोर्ट ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद शालिग्राम गर्ग को 50 हजार रुपये के निजी मुचलके पर जमानत देने का आदेश दिया। जमानत मिलने का अर्थ है कि उन्हें इस मामले में फिलहाल जेल से बाहर आने की अनुमति मिल गई है। हालांकि, मामले की जांच और आगे की न्यायिक प्रक्रिया जारी रहेगी।
राजनगर थाना क्षेत्र के कोड़ा गांव में जमीन विवाद के बाद हुई फायरिंग की घटना के चलते यह मामला चर्चा में आया था। शालिग्राम गर्ग की गिरफ्तारी के बाद उनकी न्यायिक हिरासत जारी रही। अब हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बाद वह जेल से बाहर आ सकेंगे। मामले में आरोपों पर अंतिम स्थिति आगे होने वाली न्यायिक प्रक्रिया में तय होगी।