-
शुक्र, 19 जून 2026 ई-पेपर
- Hindi News »
- India »
- Delhi High Court Rejects Telegram Plea Ban Neet Re Exam It Act 69a
टेलीग्राम को दिल्ली हाई कोर्ट से तगड़ा झटका! NEET परीक्षा विवाद के बीच बैन हटाने वाली याचिका खारिज
- Written By: प्रिया जैस
Delhi High Court Telegram Ban: दिल्ली हाई कोर्ट ने NEET की दोबारा परीक्षा के कारण केंद्र सरकार द्वारा लगाए गए अस्थायी बैन को चुनौती देने वाली टेलीग्राम की याचिका खारिज कर दी है।

टेलीग्राम ब्लॉक को लेकर दिल्ली हाई कोर्ट का आदेश (सौजन्य-IANS)
NEET Re Exam Controversy: दिल्ली हाई कोर्ट से टेलीग्राम चैनल को बड़ा झटका लगा है। दिल्ली हाई कोर्ट ने NEET की दोबारा परीक्षा के कारण केंद्र सरकार द्वारा लगाए गए अस्थायी बैन को चुनौती देने वाली टेलीग्राम की याचिका खारिज कर दी है, जिससे मैसेजिंग प्लेटफॉर्म को कोई राहत नहीं मिली है।
जस्टिस तेजस करिया ने कहा, “सरकार का आदेश वैध है। सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 69A के तहत एक प्लेटफॉर्म को ब्लॉक किया जा सकता है।”
22 जून तक ब्लॉक रहेगा टेलिग्राम
जस्टिस तेजस करिया ने IT एक्ट की धारा 69A के तहत जारी आदेश को चुनौती देने वाली याचिका को खारिज करते हुए, 22 जून तक टेलीग्राम को ब्लॉक करने के सरकार के फैसले को बरकरार रखा है।
सम्बंधित ख़बरें
रविवार को भी वर्किंग डे की तरह चलेंगी ट्रेनें; मुंबई लोकल का NEET छात्रों को बड़ा तोहफा, नहीं होगा मेगा ब्लॉक
टेलीग्राम अपराधियों और आतंकियों का अड्डा…दिल्ली हाई कोर्ट में सरकार ने दाखिल किया जवाब, जानें क्या कुछ कहा
वर्धा में 1,800 छात्र देंगे NEET की परीक्षा, 6 केंद्रों पर रहेगा तगड़ा बंदोबस्त, प्रशासन तैयार
NEET Re-Exam Row: Telegram बैन पर भड़के राहुल गांधी, बोले- अगला नंबर WhatsApp का होगा क्या?
Delhi High Court dismisses Telegram’s plea challenging the Centre’s temporary ban imposed in view of the NEET re-examination, granting no relief to the messaging platform. Justice Tejas Karia upholds the government’s decision to block Telegram till June 22, rejecting the… pic.twitter.com/8Sk95cFHYN — ANI (@ANI) June 19, 2026
दिल्ली हाई कोर्ट ने क्या कहा?
- यह मामला एक आपातकालीन स्थिति से जुड़ा था।
- सरकार के पास IT एक्ट की धारा 69A के तहत किसी प्लेटफॉर्म को ब्लॉक करने का अधिकार है।
- प्लेटफॉर्म को ब्लॉक करने से पहले उचित प्रक्रिया का पालन किया गया था।
सरकार को कानूनी कदम उठाने चाहिए
NEET की दोबारा परीक्षा के कारण केंद्र सरकार द्वारा लगाए गए अस्थायी प्रतिबंध को चुनौती देने वाली टेलीग्राम की याचिका को दिल्ली हाई कोर्ट द्वारा खारिज किए जाने पर दिल्ली कांग्रेस अध्यक्ष देवेंद्र यादव ने कहा, “मेरा मानना है कि अगर कोई समस्या है, तो उसका स्थायी समाधान होना चाहिए। सरकार को इसके लिए जो भी कानूनी कदम उठाने हों, उठाने चाहिए। लेकिन युवाओं की बेरोजगारी और महंगाई, जिनसे देश जूझ रहा है, उससे राहत मिलनी चाहिए।”
#WATCH | Delhi: On Delhi High Court dismissing Telegram’s plea challenging Centre’s temporary ban imposed in view of NEET re-exam, Delhi Congress president Devender Yadav says, “I believe that if there is any issue, there should be a permanent solution for it. Whatever legal… pic.twitter.com/0mPIapnkK5 — ANI (@ANI) June 19, 2026
केंद्र सरकार ने जारी किया था हलफनामा
केंद्र सरकार ने दिल्ली हाई कोर्ट में एक हलफनामा दायर किया था। इसमें आरोप लगाया गया था कि टेलीग्राम का इस्तेमाल कई तरह की गैर-कानूनी गतिविधियों के लिए तेजी से हो रहा है। इनमें लीक हुए परीक्षा के पेपर फैलाना, साइबर धोखाधड़ी, ड्रग्स की तस्करी, चरमपंथी कंटेंट, आतंकवाद से जुड़ी गतिविधियां, बच्चों के यौन शोषण से जुड़ा मटीरियल, कॉपीराइट पायरेसी और वित्तीय घोटाले शामिल हैं।
यह भी पढ़ें – NEET री-एग्जाम पर एयरफोर्स का पहरा! भारतीय वायुसेना के कार्गो विमान से नागपुर पहुंचे पेपर
सरकार ने टेलीग्राम को “नया डार्क वेब” बताया था और दावा किया कि इसके प्राइवेसी फीचर्स की वजह से एजेंसियों के लिए अपराधियों की पहचान करना मुश्किल हो जाता है। यह भी आरोप लगाया गया कि इस प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल मैलवेयर फैलाने, साइबर हमलों में मदद करने, चोरी का डेटा शेयर करने, मनी लॉन्ड्रिंग नेटवर्क को बढ़ावा देने और बॉट्स व चैनल्स के जरिए नागरिकों की निजी जानकारी तक अनधिकृत पहुंच बनाने के लिए किया जा रहा है।
Delhi high court rejects telegram plea ban neet re exam it act 69a
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
Topics:
लेटेस्ट न्यूज़
Lemon vs Lime: नींबू और लाइम में कौन बेहतर? इन दोनों के अंतर जानकर हो जाएंगे हैरान
Jun 19, 2026 | 11:08 AMगोंदिया: सालेकसा में वन हक्क महासंघ का आंदोलन, मांगें नहीं मानी गईं तो रेल रोको और रास्ता रोको की चेतावनी
Jun 19, 2026 | 11:08 AMनवभारत निशानेबाज: मन की बात बड़ी ही सलोनी, मोदी से मेलजोल बढ़ाती मेलोनी
Jun 19, 2026 | 11:03 AMपूनम चैंबर मामला: नागपुर हाई कोर्ट ने याचिका खारिज कर जब्त किए 10 लाख, लापरवाही पर मनपा अधिकारियों को नोटिस
Jun 19, 2026 | 11:02 AMAI Deepfake पर भड़कीं Preity Zinta, बॉम्बे हाई कोर्ट के फैसले से मचा तहलका, बढ़ीं टेक कंपनियों की मुश्किलें
Jun 19, 2026 | 11:01 AMबालाघाट में राजा भोज पर बयान से बवाल: पंवार समाज का उग्र प्रदर्शन, कंकर मुंजारे बोले- कोई अपमान नहीं किया
Jun 19, 2026 | 10:57 AMवसई-विरार में बच्चों को डायरिया से बचाने के लिए विशेष अभियान, 31 जुलाई तक चलेगी मुहिम
Jun 19, 2026 | 10:56 AMवीडियो गैलरी

यकीन नहीं होता, लेकिन यह सच है! लद्दाख में मौजूद फोन में दिखने लगा चीन का टाइम जोन, वीडियो देख रह जाएंगे दंग
Jun 18, 2026 | 11:09 PM
गर्लफ्रेंड से बात नहीं हुई तो टावर पर चढ़ा प्रेमी, 3 घंटे तक चला हाई वोल्टेज ड्रामा, देखें VIDEO
Jun 18, 2026 | 10:27 PM
सपा में होने वाली है बड़ी बगावत? ओमप्रकाश राजभर के दावे से मची हलचल, देखें VIDEO
Jun 18, 2026 | 10:18 PM
पेपर नहीं, पूरा आंसर लीक, राजस्थान यूनिवर्सिटी में छात्रों को उत्तर पत्र मिलने पर बवाल; VIDEO वायरल
Jun 18, 2026 | 09:54 PM
मॉल नहीं, ये तो पूरा हिंदुस्तान है, महाकाल की नगरी में ₹284 करोड़ से बन रहा अनोखा PM एकता मॉल; देखें VIDEO
Jun 18, 2026 | 09:28 PM
RSS को सर्टिफिकेट की जरूरत नहीं… खड़गे के बयान पर विश्वास सारंग का पलटवार, कांग्रेस की खोली पोल; देखें VIDEO
Jun 18, 2026 | 09:15 PM














