कोविड जैसे 17 और घातक वायरस की हुई पहचान, जानिए इनसे कैसे बच पाएंगे आप
वैज्ञानिकों का कहना है कि इन वायरस की समय से पहचान करने पर टीके पहले से ही विकसित किए जा सकते हैं। दुनिया को महामारी से बचाने का यह अहम प्रयास है। इससे स्वास्थ्य जोखिम को कम या पूरी तरह से खत्म किया जा सकता है।
- Written By: विजय कुमार तिवारी
कोरोना जैसी बीमारी फैलाने वाले 17 नए वायरस (कांसेप्ट फोटो)
लंदन : कोरोना महामारी के खतरे को देखने के बाद विश्वभर के वैज्ञानिक नए तरह के वायरस को लेकर सतर्क हो गए हैं। उन्होंने 17 प्रकार के घातक वायरस को पहचानने में सफलता हासिल की है, जो कोरोना जैसे या उससे भी खतरनाको हो सकते है। ये वायरस भविष्य में कोरोना जैसी तबाही लाने का काम कर सकते हैं। इसलिए वैज्ञानिकों ने कुछ सुझाव व सलाह दी है। विज्ञान पत्रिका ई- बायोमेडिसिन में प्रकाशित विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के एक शोध में यह जानकारी सामने आई है। जिसमें 17 प्रकार के घातक वायरस के बारे में जानकारी साझा की गयी है।
शोध के दौरान किए गए अध्ययन के मुताबिक, ये वायरस भविष्य में कई तरह के रोगों का कारण हो सकते हैं। इन वायरस की समय से पहचान करने पर टीके पहले से ही विकसित किए जा सकते हैं। दुनिया को महामारी से बचाने का यह अहम प्रयास है। इससे स्वास्थ्य जोखिम को कम या पूरी तरह से खत्म किया जा सकता है। इसमें कहा गया है कि एचआईवी, मलेरिया और टीबी जैसी घातक बीमारियों से बचाव वाले उपाय काफी कारगर हुए हैं। पहचाने गए 17 वायरसों पर भी इसी तरह के उपाय लागू किए जा सकते हैं।
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वैज्ञानिक के इन टीकों पर तत्काल शोध की आवश्यकता बतायी है और कहा है कि इनके लिए काम करने की अभी से जरूरत है…
- ग्रुप ए स्ट्रेप्टोकोकस
- हेपेटाइटिस सी वायरस
- एचआईवी -1
- क्लेबसिएला निमोनिया
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डब्ल्यूएचओ ने कहा है कि नए टीकों के विकास के लिए दुनिया को एक साथ निर्णय लेना पड़ता है, जिसके सकारात्मक परिणाम मिलते हैं। डब्ल्यूएचओ में टीकाकरण अभियान के निदेशक डॉ. केट ओ’ब्रायन ने कहा, नए टीकों के विकास के लिए दुनिया को एक साथ निर्णय लेना पड़ता है। यह भविष्य में चिकित्सा लागत को कम करने का काम कर सकता है।
–एजेंसी इनपुट के साथ
