अहमदाबाद में दहला वस्त्राल: अवैध पटाखा फैक्ट्री में जोरदार धमाका, अबतक 9 लोगों की दर्दनाक मौत
Ahmedabad Fire Accident: अहमदाबाद में अवैध पटाखा फैक्ट्री में धमाके से 9 की मौत, कई घायल। बिना लाइसेंस चल रही थी फैक्ट्री। पीएमम मोदी और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने हादसे पर शोक जताया शोक।
- Written By: करुणा नंद शाहवाल
अहमदाबाद पटाखा फैक्ट्री में ब्लास्ट (सोर्स-सोशल मीडिया)
Ahmedabad Firecracker Factory Blast: गुजरात के अहमदाबाद स्थित वस्त्राल इलाके में शनिवार को एक अवैध पटाखा निर्माण इकाई में हुए भीषण विस्फोट ने बड़ा हादसा खड़ा कर दिया। नगर निगम के अनुसार, घटना में मृतकों की संख्या बढ़कर नौ हो गई है। इनमें आठ लोगों की मौत एल.जी. अस्पताल में हुई, जबकि एक घायल ने सिविल अस्पताल में उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। हादसे में नौ लोग घायल हुए हैं, जिनमें से एक की हालत गंभीर बताई जा रही है।
विस्फोट इतना शक्तिशाली था कि इसकी आवाज कई किलोमीटर दूर तक सुनाई दी और इसके बाद फैक्ट्री में भीषण आग लग गई। धमाके से इमारत का बड़ा हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया, जिससे कई मजदूर मलबे में दब गए। राहत एवं बचाव अभियान में रैपिड एक्शन फोर्स (आरएएफ) के जवानों और दमकल विभाग ने मिलकर लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि फैक्ट्री बिना वैध लाइसेंस के संचालित की जा रही थी, जबकि उसका लाइसेंस पहले ही रद्द किया जा चुका था। घटना पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने शोक व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना जताई है।
अवैध फैक्ट्री में हुआ भीषण विस्फोट
नगर निगम के मुताबिक, एल.जी. अस्पताल में एक गंभीर रूप से घायल मरीज का इलाज चल रहा है, जबकि चार अन्य घायलों का उपचार अहमदाबाद सिविल अस्पताल में किया जा रहा है। यह हादसा शनिवार को रामोल-गतराड रोड पर रैपिड एक्शन फोर्स (आरएएफ) कैंप के पीछे स्थित एक अवैध पटाखा फैक्ट्री में हुआ।
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विस्फोट इतना शक्तिशाली था कि इसकी आवाज करीब पांच किलोमीटर दूर तक सुनाई दी। धमाके के बाद फैक्ट्री में भीषण आग लग गई और इमारत का बड़ा हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया, जिससे कई मजदूर मलबे में दब गए।
आरएएफ और दमकल ने चलाया बचाव अभियान
धमाके की आवाज सुनते ही पास स्थित आरएएफ कैंप के जवान सबसे पहले मौके पर पहुंचे और दमकल विभाग के पहुंचने से पहले मलबे में फंसे लोगों को बाहर निकालने का बचाव अभियान शुरू किया। आग बुझाने के लिए दमकल विभाग की पांच से अधिक गाड़ियों को लगाया गया।
आग पर काबू पाने के बाद दोबारा आग भड़कने से रोकने के लिए कूलिंग ऑपरेशन जारी रखा गया। राहत एवं बचाव अभियान देर शाम तक जारी रहा और आशंका जताई जा रही है कि मृतकों की संख्या बढ़ सकती है। घायलों को एल.जी. अस्पताल और अहमदाबाद सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। कई घायल गंभीर रूप से झुलसे हैं और उन्हें गहरी चोटें भी आई हैं।
बिना लाइसेंस चल रही थी फैक्ट्री
प्रारंभिक जांच में पुलिस को पता चला है कि पटाखा निर्माण इकाई बिना वैध लाइसेंस के संचालित की जा रही थी। जांच में फैक्ट्री संचालक की पहचान मेहुल डोडिया के रूप में हुई है। अधिकारियों के अनुसार, फैक्ट्री का लाइसेंस पहले ही रद्द किया जा चुका था, लेकिन इसके बावजूद यहां कथित तौर पर पटाखों का निर्माण जारी था।
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प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति मुर्मु ने जताया शोक
इस बीच, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने हादसे पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, “अहमदाबाद में पटाखों की एक फैक्ट्री में हुए विस्फोट में लोगों की मृत्यु अत्यंत दुखद है। इस हादसे में अपने प्रियजनों को खोने वाले परिवारों के प्रति मैं अपनी गहरी शोक-संवेदनाएं व्यक्त करती हूं। मैं घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करती हूं।” इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल भी हादसे पर दुख व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों और घायलों के लिए आर्थिक सहायता की घोषणा कर चुके हैं।
