शेफाली की मौत के बाद पराग डॉग को क्यों घुमाने ले गए थे बाहर? सामने आई असली वजह
शेफाली जरीवाला के निधन से हर कोई सदमें है, लेकिन उनकी मौत के कुछ ही घंटों बाद पराग त्यागी को उनके डॉग के साथ बाहर टहलते हुए देखा गया था। जिसके बाद लोग उन्हें ट्रोल करने लगे। अब इसकी असली वजह सामने आई।
- Written By: स्नेहा मौर्या
शेफाली जरीवाला, पराग त्यागी (फोटो-सोर्स,सोशल मीडिया)
मुंबई: टीवी और म्यूजिक इंडस्ट्री की लोकप्रिय अभिनेत्री शेफाली जरीवाला के असामयिक निधन ने सभी को झकझोर कर रख दिया है। 27 जून को महज 42 साल की उम्र में कार्डियक अरेस्ट से उनकी मौत हो गई, हालांकि अभी तक इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। एक्ट्रेस के अचानक जाने से उनका परिवार, दोस्त और फैंस गहरे सदमे में हैं।
लेकिन इसी बीच शेफाली के पति पराग त्यागी एक वायरल वीडियो के चलते सोशल मीडिया पर ट्रोल हो गए। शेफाली की मौत के कुछ ही घंटों बाद पराग को उनके पालतू कुत्ते के साथ बाहर टहलते हुए देखा गया था। इसके बाद लोगों ने उन्हें इनसेंसिटिव कहकर आलोचना करनी शुरू कर दी।
पत्नी की मौत के बाद डॉग को क्यों घुमा रहे थे पराग त्यागी?
अब इस मामले में पराग और शेफाली के करीबी दोस्त पारस छाबड़ा सामने आए हैं और उन्होंने ट्रोलिंग का करारा जवाब दिया है। पारस ने एक इंटरव्यू में कहा कि लोगों को किसी की मानसिक स्थिति को समझे बिना उस पर उंगली उठाने से बचना चाहिए।
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पारस ने बताया कि शेफाली और पराग दोनों ही अपने पालतू डॉग से बेहद जुड़े हुए थे। वह सिर्फ एक पालतू जानवर नहीं, बल्कि उनके परिवार का हिस्सा था। शेफाली के निधन के बाद पराग की उस पर जिम्मेदारी और भी बढ़ गई है।
पारस छाबड़ा ने इस मामले पर तोड़ी चुप्पी
उन्होंने कहा, “पराग ने जो किया वो एक इमोशनल मूवमेंट था। घर में तीन लोग रहते थे, जिसमें शेफाली, पराग और उनका डॉग। अब उनमें से एक चला गया है। ऐसे में डॉग के लिए भी बहुत बदलाव आया है और वह भी सदमे में है। पराग का उसके साथ समय बिताना एक तरह से उसे सहारा देने जैसा था।”
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पारस ने यह भी बताया कि उनका पालतू डॉग अब बूढ़ा हो गया है और उसकी आंखों की रोशनी भी कम हो गई है। ऐसे में उसकी देखभाल करना पहले से कहीं ज्यादा जरूरी हो गया है।
उन्होंने कहा कि डॉग बहुत सेंसिटिव होते हैं, और वे आसपास की नकारात्मकता या दुख को पहले महसूस कर लेते हैं। “उसे भी यह महसूस हो गया था कि शेफाली अब इस दुनिया में नहीं है। वह भी उतना ही दुखी है जितना परिवार।”
